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एमपी के इस जिले में लाड़ली बहना योजना से कटे 3325 लाड़ली बहनों के नाम

Ladli Behna Yojana: 711 महिलाओं ने खुद छोड़ा लाड़ली बहना योजना का लाभ तो 2614 महिलाएं हुईं उम्रदराज...।

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Ladli Behna Yojana: मध्यप्रदेश सरकार की लाड़ली बहना योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से चलाई जा रही है। जनवरी के महीने में लाड़ली बहना योजना की 20वीं किस्त महिलाओं के खातों में ट्रांसफर की जा चुकी है लेकिन टीकमगढ़ जिले की 3 हजार से अधिक महिलाओं को 20 वीं किस्त नहीं दी गई है।। 711 महिलाओं ने अपनी मर्जी से योजना का छोड़ दिया है। इसके साथ ही 424 महिलाओं की राशि को तकनीकी समस्या के चलते रोक दिया है। फरवरी महीने की 21 वीं किस्त 208262 महिलाओं के खातों में भेजी जाएगी।

लाड़ली बहना योजना प्रदेश की महत्वाकांक्षी योजना में शामिल है। योजना की महिलाओं के खाते में हर महीने 1250 रुपए की राशि सरकार द्वारा ट्रांसफर की जाती है। जनवरी में लाड़ली बहना योजना के तहत महिलाओं के खाते में 20 वीं किस्त जारी की है। एक जनवरी को आधार में दर्ज जन्मतिथि वाली महिलाओं की उम्र 60 वर्ष से ऊपर हो गई। जिसकी वजह से 2 हजार 614 महिलाओं को योजना से बाहर कर दिया है। अब महिलाएं सरकारी लाड़ली बहना नहीं हैं। इन्हें वृद्धावस्था पेंशन के लिए आवेदन करना होगा। नाम हटने की वजह से महिला बाल विकास योजना में 1124 लाड़ली बहना की सीएम हेल्पलाइन में शिकायतें बढ़ गई है। क्योंकि जिनके नाम बाहर हुए हैं, वह शिकायत दर्ज कर रही हैं।


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विभाग से मिली जानकारी अनुसार 711 महिलाओं ने प्रदेश के महत्वाकांक्षी योजना का परित्याग कर दिया है। वह अब इस योजना का लाभ नहीं लेंगी। इसमें नौकरी लगने वाली, व्यवसाय करने वाली और जरूरत न होने वाली महिलाएं हैं। 78 महिलाओं की समग्र आईडी हट गई और 346 महिलाओं की डीबीटी नहीं हो पाई है। महिला बाल विकास अधिकारी टीकमगढ़ ऋतुजा चौहान ने बताया कि योजना का परित्याग करने के लिए राज्य स्तर से लिंक आई थी, उसी के आधार पर योजना में लाड़ली बहना का परित्याग किया गया है। आधार कार्ड की जन्मतिथि अनुसार ऑटोमेटिक नाम हट जाते हैं। पात्र महिलाओं को जो भी समस्याएं आ रही हैं। उनका समाधान किया जाएगा।

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