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करण पटेल की पत्नी अंकिता भार्गव के घर दिन-दहाड़े घुसे दो फर्जी अफसर, पोस्ट के जरिए किया खुलासा

Ankita Bhargava Scam Alert: करण पटेल की पत्नी अंकिता भार्गव के घर दिन-दहाड़े 2 फर्जी अफसर घुस गए, जिसे लेकर उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए खुलासा किया। इस पोस्ट के बाद उनके फैंस और फॉलोअर्स ने इस घटना पर चिंता व्यक्त की और उन्हें सुरक्षा के लिए सुझाव भी दिए।

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करण पटेल की पत्नी अंकिता भार्गव के घर दिन-दहाड़े घुसे दो फर्जी अफसर,

करण पटेल की पत्नी अंकिता भार्गव (फोटो सोर्स: इंस्टाग्राम के thefilmyofficial अकाउंट द्वारा)

Ankita Bhargava Scam Alert: टीवी एक्टर करण पटेल की पत्नी और एक्ट्रेस अंकिता भार्गव के साथ एक ऐसी घटना घटी जिसने उन्हें अंदर तक हिला दिया। अंकिता ने इंस्टाग्राम पर इस पूरे घटना को विस्तार से शेयर किया और सभी परिवारों को खासकर जिनके घर में बुजुर्ग माता-पिता रहते हैं, उन्हें सावधान रहने की अपील की।

पुराने पड़ोसी के खिलाफ धोखाधड़ी की जांच कर रहे हैं

एक्टर करण पटेल की पत्नी अंकिता ने बताया कि वो दोपहर के समय अपने माता-पिता के घर पहुंचीं तो एक हैरान करने वाला दृश्य सामने था। बता दें, डायनिंग टेबल पर 2 अनजान लोग बिल्कुल शांत और सामान्य भाव से बैठे थे। उन्होंने खुद को गुजरात क्राइम विभाग के अधिकारी बताया और कहा कि वे एक पुराने पड़ोसी के खिलाफ धोखाधड़ी की जांच कर रहे हैं और बस अंकिता के पिता का एक बयान लेना है। ये सुन अंकिता के मन में शंका हुई और उन्होंने आईडी कार्ड मांगा।

इसमें हैरान करने देने वाली बात ये है कि उन लोगों ने शांति से आईडी कार्ड दिखाया और यहां तक कहा कि वो फोटो भी ले सकती हैं। अंकिता ने उस आईडी कार्ड की फोटो अपनी पोस्ट में शेयर भी की। उन्होंने लिखा कि इसी चालाकी से वे लोगों का शक दूर करते हैं, क्योंकि हम सोचते हैं कि धोखेबाज नर्वस और शक्की होते हैं, लेकिन ये लोग आत्मविश्वास से भरे और शांत थे।

सभी को आगाह किया कि ऐसे ठग बेहद शातिर होते हैं

इतना ही नहीं, असली सच तब खुला जब वे एक कागज लेकर आए जो गुजराती भाषा में हाथ से लिखा हुआ था। अंकिता के पिता गुजराती नहीं पढ़ सकते। जब अंकिता ने सवाल उठाया कि ये बयान हाथ से लिखा क्यों है और उस भाषा में क्यों है जो उनके पिता समझते ही नहीं, तो उन लोगों ने बड़े सहज भाव से कहा कि वो खुद अनुवाद करके बता देंगे।

अंकिता ने बताया कि उनके भीतर से एक आवाज आई, नहीं। उन्होंने फिर से सवाल पूछे कि एक आधिकारिक बयान हाथ से लिखा कैसे हो सकता है और किसी बुजुर्ग से ऐसी भाषा में दस्तखत कैसे लिए जा सकते हैं जो वो समझते ही नहीं। दरअसल, अंकिता ने इस पोस्ट के जरिए सभी को आगाह किया कि ऐसे ठग बेहद शातिर होते हैं। वे नर्वस नहीं होते, शांत और आत्मविश्वासी दिखते हैं और नकली दस्तावेज तक लाते हैं। बुजुर्ग माता-पिता अकेले हों तो इस तरह के लोग उनका आसानी से फायदा उठा सकते हैं। सावधान रहें और सतर्क रहें।