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पूर्व महानिरीक्षक डामोर ने उदयपुर में हाइकोर्ट बेंच ना होने का बताया ये बड़ा नुकसान

उदयपुर . हाइकोर्ट बैंच की मांग को लेकर चल रहे क्रमिक अनशन के तहत अधिवक्ताओं की अगुवाई में धरना-प्रदर्शन जारी रहा।

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उदयपुर . हाइकोर्ट बैंच की मांग को लेकर चल रहे क्रमिक अनशन के तहत शनिवार को अधिवक्ताओं की अगुवाई में धरना-प्रदर्शन जारी रहा। धरने पर प्रबुद्ध, शिक्षित वर्ग के लोगों ने शिरकत की, वहीं कई स्वयंसेवी संगठनों ने भी समर्थन दिया। मेवाड़ वागड़ हाइकोर्ट बेंच संघर्ष समिति के आंदोलन को समर्थन देते हुए पूर्व कुलपति एवं सेवानिवृत्त पुलिस महानिरीक्षक थावरचंद डामोर, सुविवि के पूर्व कुलपति इंद्रवर्धन त्रिवेदी, डीएसडब्ल्यू प्रो. दरियावसिंह चूंडावत, प्रो. प्रहलाद राय व्यास, देवकिशन रामानुज, जगदीश शास्त्री, शैलेश मिश्रा, दिनेश श्रीमाली, देवेंद्र आमेटा, हेमंत शर्मा ने धरने में हिस्सा लिया।


इन्होंने भी दिया समर्थन
अंबेडकर जयंती संयुक्त समारोह समिति के सदस्य अधिवक्ता पीआर सालवी, सहसंयोजक तीरथ सिंह खेड़ालिया, डॉ. मानसिंह निनामा, गणपत लाल खटीक, देवेंद्र मेघवाल, हरिलाल बीरबल, देवीलाल चंदेल, देवेंद्र सुयल, मोहम्मद अनीस, गुजराती मोची समाज के अध्यक्ष राजकुमार राज, मुस्लिम महासभा से मोहम्मद बख्श उर्फ प्यारा भाई, फिरोज खां, शंकरलाल चंगेरीवाल, राष्ट्रीय वंचित लोक मंच की प्रदेशाध्यक्ष रेणुका यादव, कन्हैयालाल डामोर, सहकारिता प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष मोहन मेनारिया, प्रदेश महामंत्री गौतम प्रकाश गांधी ने भी संभाग की इस जायज मांग को पूर्ण समर्थन देकर धरना-प्रदर्शन में शिरकत की।


वक्ताओं ने यह कहा
-चित्तौडगढ़़ बार काउंसिल सदस्य के प्रत्याशी लक्ष्मीलाल पोखरना ने कहा कि इस आंदोलन को अब जन समर्थन से विजय की ओर ले जाना होगा। विधि प्रकोष्ठ चित्तौडगढ़़ के जिला अध्यक्ष कैलाश चोपड़ा ने कहा कि विधि की मंशा आम आदमी को सस्ता सुलभ न्याय देने की है और उसके लिए उदयपुर में हाइकोर्ट बेंच का होना आवश्यक है।

- पूर्व महानिरीक्षक डामोर ने कहा कि मेवाड़ का आदिवासी न्याय के लिए तरस रहा है, उसे सस्ता सुलभ न्याय मिलने की बजाय जमानत के अभाव में जेलों में रहना पड़ रहा है, जो सरकार के लिए एक बड़ा प्रश्न खड़ा करता है।

- पूर्व कुलपति प्रो. त्रिवेदी ने कहा कि आदिवासी ही नहीं, बल्कि शिक्षित वर्ग को भी विभिन्न पारिवारिक एवं व्यावसायिक मामलों में हाइकोर्ट बेंच नहीं होने के कारण रीट में परेशान हो रहा है तथा न्याय से वंचित है।

वाहन रैली
संघर्ष समिति की ओर से सोमवार को शहर में वाहन रैली निकाली जाएगी। रैली में उदयपुर के व्यापारिक, सामाजिक, आर्थिक, शैक्षिक सहित विभिन्न स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि एवं शहरवासी हिस्सा लेंगे। महासचिव शांतिलाल पामेचा ने बताया कि रैली कोर्ट चौराहा, देहलीगेट, सूरजपोल, अस्थल मंदिर , झीणीरेत, सिंधी बाजार, घंटाघर, हाथीपोल, चेतक होते हुए पुन: कोर्ट चौराहा पर समाप्त होगी।


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