
नौ दिन पूरे की तपस्या के बाद नम आंखों से विदा किए जवारे
उदयपुर. navratra नवरात्र के नौ दिन की तपस्या के बीच धार्मिक स्थलों पर बोए गए जवारों की धर्मप्रेमी महिलाओं ने नवमी पर अंतिम दिन नम आंखों से विदाई दी। शोभायात्रा के तौर पर जवारों की सवारी निकाली गई। इस कड़ी में गणेश नगर स्थित कालका माता मंदिर में सोमवार को गाजे बाजे के साथ निकली शोभायात्रा आयड़ स्थित गंगू कुंड पहुंची। यहां मार्ग पर धर्मप्रेमियों की ओर से शोभायात्रा पर जगह-जगह पुष्पवर्षा की गई। बड़ी संख्या में समाजनों की उपस्थिति के बीच शुभ मुहूर्त में विधिविधान एवं मंत्रोच्चार के बीच जवारों का विसर्जन किया गया।
मंदिर पुजारी देवेन्द्र सिंह गोड़ ने बताया कि शोभायात्रा के आगे बेंड अपनी मधुर स्वरों के साथ माता के भजनों को गाते चल रहे थे। उसके पीछे ऊंट गाड़ी में नौ कन्याओं ने माताजी का स्वरूप धारण बेटी बचाओं बेटी पढाओं, प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने का आम जन को संदेश देते चल रहा था। उसके पीछे महिलाएं सिर पर ज्वारा लेकर चल रही थी। शोभायात्रा के आगे कालका मित्र मंडल के कार्यकर्ता पूरे रास्ते सफाई करते हुए आगे बढ़े। आमजन को भी स्वच्छता के लिए प्रेरित करने का संदेश दिया। शोभायात्रा मंदिर प्रांगण से होती हुई आदर्र्श नगर, भास्कर कॉलोनी, बेकनी पुलिया होते हुए गंगा के चौथे पाए गंगू कुंड पर पहुंची, जहां विधिविधान के साथ ज्वारा विर्सजन किया। navratra
इन्होने किया स्वागत
शोभायात्रा में डॉ. बंशीवाल क्लीनिक, नवदीव नवयुवक मंडल, द सक्सेस पोइंट के दिलीप यादव , रावत समाज, प्रबल जैन एकता मंच, सिंधी समाज, navratra क्षत्रिय कुमावत समाज, साहू समाज, श्रीराम बजरंग सेना, बजरंग सेना मेवाड़, भाजपा राणा प्रताप मंडल, कालकामाता मित्र मंडल, लखारा समाज, सहित विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों की ओर से पूरे रास्ते में फूलों से शोभायात्रा का स्वागत हुआ।navratra
Published on:
08 Oct 2019 06:00 am
