काम ऑनलाइन लेकिन 118 ग्राम पंचायतों में इंटरनेट ही नहीं

उदयपुर जिले में 106 ग्राम पंचायतें ऐसी जिनके पास कम्प्युटर तक नहीं, मावली विधायक धर्मनारायण जोशी के सवाल पर विस से जवाब

By: Mukesh Kumar Hinger

Updated: 21 Jul 2021, 01:21 PM IST

मुकेश हिंगड़

उदयपुर. सरकारी विभागों में ऑनलाइन कामकाम को बढ़ावा दिया गया है। कोरोना संक्रमण के दौरान विभागों में ज्यादातर कामकाज ऑनलाइन ही निस्तारित किए गए लेकिन सबसे छोटी इकाइ ग्राम पंचायतों की बात करें तो उदयपुर जिले में 118 ग्राम पंचायतें अभी इंटरनेट से जुड़ी ही नहीं है और इस तकनीकी के जमाने में 106 पंचायतें ऐसी है जिनके पास अपना कम्प्युटर तक नहीं है।
यह जानकारी राजस्थान विधानसभा में मावली विधायक धर्मनारायण जोशी के एक सवाल के जवाब में सरकार ने दी। विधायक जोशी के सवाल पर सरकार ने कहा कि अभी राजीव गांधी सेवा केन्द्रों को ई-लाइब्रेरी से जोडऩे की कोई योजना नहीं है और न ही ग्रामीण अभियांतत्रिकी सेवा गठन की कार्रवाई विचाराधीन है। जवाब में बताया गया कि जिले की कई पंचायते जहां इंटरनेट सेवा है वहां वाई-फाई सेवा भी है। कोटड़ा क्षेत्र की 66 पंचायतों में से एक में भी वाई-फाई नहीं है।

पंचायतों में ये काम पोर्टल पर होते इसलिए नेट जरूरी
ई-ग्राम स्वराज पोर्टल
ई पंचायत पोर्टल
पहचान पोर्टल
एम एक्सन सॉफ्ट पोर्टल
प्रिया सॉफ्टवेयर
आरटीआई पोर्टल
एसएसओ आईडी
ई मेल

चुनौतियां बहुत है पंचायतों में
1. जिन ग्राम पंचायतों में कम्प्युटर नहीं है वे बाहर निजी शॉप या ई-मित्र पर अपना काम करवाते है, या स्टाफ अपने लेपटॉप को मोबाइल के हॉट स्पॉट से जोडकऱ करता हे।
2. जहां पर इंटरनेट नहीं है वहां के कर्मचारी अपने मोबाइल के हॉट स्पॉट से ही काम चलाते है।
3. दूरदराज जहां पर बाहरी सुविधा या ई मित्र नहीं है, नेट नहीं चलता है वे तहसील मुख्यालय या पास के बड़े कस्बे में जाकर अपना काम करवाते है।
4. पोर्टल पर ही ज्यादा काम होते है ऐसे में कम्प्युटर व इंटरनेट तो बहुत जरूरी हो गया है।
5. जिन पंचायतों में कम्प्युटर है वहां लाइट पूरे दिन बंद रहती है तो काम नहीं होता है।
6. गांवों में इंटरनेट कनेक्टिविटी के चक्कर में कई बार सेवाएं बाधित रहती है।

20 पंचायत समितियां के आंकड़े
652 कुल ग्राम पंचायतें जिले में
539 पंचायतों के भवन है
113 पंचायतों के भवन नहीं
546 पंचायतों के पास कम्प्युटर है
106 पंचायतों में कम्प्युटर नहीं है
534 पंचायतों में इंटरनेट है
118 पंचायतों में इंटरनेट नहीं है


जिन पंचायतों में सुविधाओं की कमी उसे दूर किया जाए

गांवों की सरकार पंचायतें ही है, ऐसे में वहां लोगों को असुविधाएं नहीं हो इस बात पर फोकस सरकार को करना चाहिए। जब सारा काम इंटरनेट आधारित कर दिया, पोर्टल पर होते है तो सबसे पहले बेसिक जरूरत कम्प्युटर व इंटरनेट ही है। ऐसे में सबसे पहले ग्राम पंचायतों में ये सुविधाएं पूरी करनी चाहिए और जो भी कमियां व समस्याएं है उनको भी ठीक किया जाए।
- धर्मनारायण जोशी, विधायक मावली

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