2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

उदयपुर में मानसी वाकल बांध को नुकसान पहुंचाने की बड़ी कोशिश, केस दर्ज, जानकर कांप जाएंगे पूरा मामला

Udaipur News : उदयपुर शहर में 30 फीसदी हिस्से में जलापूर्ति करने वाले मानसी वाकल बांध को नुकसान पहुंचाने, क्षेत्र के हजारों लोगों की जान खतरे में डालने की कोशिश हुई है। जानें पूरा मामला।

2 min read
Google source verification
Udaipur Mansi Wakal Dam Damage a Big Attempt Case Registered You Shudder after knowing whole matter

उदयपुर में मानसी वाकल बांध (पत्रिका फोटो)

Udaipur News : उदयपुर शहर में 30 फीसदी हिस्से में जलापूर्ति करने वाले मानसी वाकल बांध को नुकसान पहुंचाने, क्षेत्र के हजारों लोगों की जान खतरे में डालने की कोशिश हुई है। कुछ बदमाशों ने मानसी वाकल बांध के कंट्रोल रूम का ताला तोड़कर घुसने का प्रयास किया, लेकिन विफल रहे। अगर बदमाश कंट्रोल रूम में घुस जाते तो न सिर्फ उदयपुर की जलापूर्ति प्रभावित होती, बल्कि बांध को नुकसान पहुंचाकर बहाव क्षेत्र के गांवों में रहने वाले हजारों लोगों की जान खतरे में आ जाती। जलदाय विभाग के इंजीनियर ने झाड़ोल थाने में केस दर्ज कराकर यह आशंका जताई है।

…तो बांध टूटने का उत्पन्न हो जाता खतरा

पुलिस ने बताया कि मानसी वाकल बांध के साइड इंचार्ज इंजीनियर शालीन भटनागर ने रिपोर्ट दर्ज कराई। रिपोर्ट में बताया कि 15 मई शाम 4.30 बजे कुछ लोग बांध की पाल पर पहुंचे। लोगों ने पाल पर लगा ताला तोड़ा और केबल काटने का प्रयास किया। उन्होंने बांध के गेट की केबल काटकर ले जाने की कोशिश की। बदमाश चंदवास गांव की ओर से आए थे और वापस उसी दिशा में बाइक से भाग गए। सिक्योरिटी गार्ड ने उन्हें भागते हुए देखा। वर्तमान मौसम की स्थिति को देखते हुए यदि बांध गेट की केबल काट दी जाती या क्षतिग्रस्त कर दी जाती तो बांध टूटने का खतरा उत्पन्न हो जाता। पीछे स्थित गांवों में बाढ़ जैसी स्थिति बन जाती। आगे स्थित गोराना गांव के डूबने की भी संभावना थी, जिससे जन-धन की बड़ी हानि हो सकती थी।

एक नजर में मानसी वाकल परियोजना

उदयपुर जिले के झाड़ोल गांव से लगभग 7 किलोमीटर उत्तर में स्थित यह बांध है। वर्ष 2006 में 60 करोड़ की लागत से गोराणा में मानसी नदी पर मानसी वाकल बांध का निर्माण किया गया। इसे देवास प्रथम चरण के नाम से जाना जाता है। इसमें लगभग 24.4 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी समा सकता है। बांध के पास 22 गांव हैं।

यह भी पढ़ें :राजस्थान के लिए बड़ी खुशखबर, बिना बारिश 4 दिन में लबालब भर जाएगा राणा प्रताप सागर बांध, जानें वजह

पुलिस गश्त की सख्त जरूरत

विभागीय इंजीनियर ने बांध को खतरा भांपते हुए नियमित गश्त की जरूरत बताई है। कहा कि 15 मई को हुई घटना की गंभीरता को देखते हुए कानूनी कार्रवाई की जाए। संबंधित क्षेत्र में सुरक्षा के लिए दिन में कम से कम दो-तीन बार पुलिस गश्त की व्यवस्था की जाए ताकि भविष्य में इस तरह की घटना नहीं हो।

उदयपुर में हो जाती जल संकट की स्थिति

मानसी वाकल से उदयपुर में करीब 30 MLD पानी की आपूर्ति रोजाना होती है, जो शहर की कुल जलापूर्ति का करीब 30 फीसदी है। बांध की प्रक्रिया में किसी तरह की रुकावट होने पर शहर में जलापूर्ति बुरी तरह से प्रभावित होती है। एक से अधिक दिन प्रभावित होने पर शहर में बड़ा संकट हो सकता है।

यह भी पढ़ें :राजस्थान में 335 बांध पानी से खाली, अब पेयजल संकट से बचाएंगे ये 7 बड़े बांध


बड़ी खबरें

View All

उदयपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग