
महापौर ने जोनल अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश, लापरवाही पर होगी कार्रवाई
Lucknow की महापौर सुषमा खर्कवाल ने नगर निगम के सभी जोनल अधिकारियों को आदेश दिया है कि शहर में पुलों के नीचे हो रहे अतिक्रमण को हटाने के लिए तुरंत कदम उठाए जाएं। उनका कहना है कि सार्वजनिक स्थानों पर अवैध कब्जा न केवल यातायात में बाधा उत्पन्न करता है, बल्कि सफाई व्यवस्था को भी प्रभावित करता है।
महापौर ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी अधिकारी ने इस निर्देश को नजरअंदाज किया, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उनके निर्देशों के बाद नगर निगम में सक्रियता बढ़ गई है।
महापौर सुषमा खर्कवाल अपने पद पर आने के बाद से ही शहर को साफ और व्यवस्थित बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इससे पहले उन्होंने नगर निगम मुख्यालय का औचक निरीक्षण किया था, जिसमें कई कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इसके बाद उन्होंने मुख्य द्वार बंद करवा दिया था और अनुपस्थित कर्मियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। उनका कहना है कि लखनऊ को अतिक्रमण मुक्त और स्वच्छ बनाने के लिए सभी अधिकारियों को सामूहिक प्रयास करने होंगे। उन्होंने अधिकारियों को नियमित क्षेत्रीय निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं, ताकि अतिक्रमण की समस्या पर तुरंत कार्रवाई हो सके।
पिछले कुछ महीनों में लखनऊ नगर निगम ने कई प्रमुख इलाकों से अतिक्रमण हटाने के लिए अभियान चलाया है। महापौर ने कहा कि अब पुलों के नीचे भी इस तरह के अभियान को तेज किया जाएगा। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सार्वजनिक स्थानों का उपयोग आम नागरिकों के हित में हो।
महापौर ने लखनऊ की जनता से अपील की है कि वे अतिक्रमण मुक्त शहर के लिए नगर निगम का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि नागरिकों को अतिक्रमण की समस्या के बारे में जागरूक होना चाहिए और इसे रोकने में नगर निगम का साथ देना चाहिए।
महापौर ने संकेत दिए हैं कि नगर निगम जल्द ही एक ऑनलाइन शिकायत पोर्टल भी शुरू करेगा, जहां नागरिक अतिक्रमण की शिकायतें दर्ज कर सकेंगे। यह पहल शहर में अतिक्रमण के खिलाफ एक मजबूत तंत्र विकसित करने में मदद करेगी।
सुषमा खर्कवाल के सख्त निर्देशों और उनके सक्रिय निरीक्षणों से शहर के लोगों को उम्मीद है कि लखनऊ जल्द ही स्वच्छ और व्यवस्थित शहर के रूप में उभरेगा।
Updated on:
02 Dec 2024 06:37 pm
Published on:
02 Dec 2024 06:37 pm
