
बैठक करते हुए सीएम योगी (फोटो- पत्रिका)
UP CM visit Varanasi: वाराणसी पहुंचे दो दिवसीय दौरे पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को सर्किट हाउस में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के साथ विकास परियोजनाओं तथा कानून-व्यवस्था को लेकर बैठक की। बैठक में मुख्यमंत्री ने श्रावण मास की तैयारियों में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए। वहीं, वाराणसी के लोगों के लिए काशी विश्वनाथ मंदिर में अलग से दर्शन के लिए मार्ग की व्यवस्था करने की बात कही।
मुख्यमंत्री ने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में काशीवासियों के लिए अलग दर्शन व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए। साथ ही मैदागिन से गोदौलिया तक बैरिकेडिंग के दौरान व्यापारियों को असुविधा न हो और पर्याप्त एंबुलेंस की व्यवस्था बनाए रखने की भी बात कही है। उन्होंने प्रशासन, पुलिस, नगर निगम, लोक निर्माण, विद्युत विभाग, रेलवे और परिवहन विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम व्यवस्था मिल सके।
बैठक में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने बताया कि वर्ष 2014 से अब तक जिले में 536 विकास परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जिनकी लागत 36,210 करोड़ रुपये है। वर्तमान में 25,007 करोड़ रुपये की लागत से 191 परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। वहीं, पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल और एडीजी पियूष मोर्डिया ने कानून-व्यवस्था, श्रावण मास की सुरक्षा तैयारियों और अपराध नियंत्रण संबंधी कार्यों की प्रस्तुति दी, जिस पर मुख्यमंत्री ने फुट पेट्रोलिंग बढ़ाने, बेहतर ट्रैफिक व्यवस्था और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
सीएम योगी ने एकीकृत मंडलीय कार्यालय के निर्माण को 18 माह के भीतर पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित करने को कहा है। वहीं, गंगा में नाव संचालन व्यवस्था की समीक्षा करते हुए उन्होंने नगर निगम के अधिकारियों से माध्यम से छोटी नावों का पंजीकरण कराने तथा नाविकों को लाइफ जैकेट सहित आवश्यक सुरक्षा सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। सीएम ने दालमंडी सड़क चौड़ीकरण परियोजना में शेष भवनों का नियमानुसार मुआवजा देकर जल्द ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पूरी करने को कहा है।
मुख्यमंत्री ने गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए विशेष सतर्कता बरतने, घाटों पर लाइफ जैकेट की व्यवस्था, सीसीटीवी से निगरानी, जल पुलिस की सक्रिय तैनाती और बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने मंदिर व्यवस्था में लगे कर्मचारियों की ड्यूटी में बदलाव करने के निर्देश भी दिए ताकि वीआईपी दर्शन के नाम पर किसी प्रकार की अनियमितता न हो। साथ ही होटल, रेस्टोरेंट और बस स्टैंडों पर मनमाना शुल्क वसूले जाने पर भी कड़ी निगरानी रखने को कहा है।
Updated on:
07 Jul 2026 09:57 pm
Published on:
07 Jul 2026 09:56 pm
