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पुलिस एनकाउंटर में 35 गोली भी नहीं ले पायी थी इस माफिया की जान, आज लगा रहा अपना जीवन बचाने की गुहार

जिसकी सुपारी ले ली उसका बचना होता था कठिन, AK-47 से कई लोगों की जान लेने का आरोप
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वाराणसी

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Devesh Singh

•

Updated: 3 May 2018, 6:18 PM IST

पुलिस एनकाउंटर

पुलिस एनकाउंटर

वाराणसी. पुलिस एनकाउंटर में किसी अपराधी का बच जाना कठिन होता है लेकिन यूपी का एक ऐसा माफिया भी है जिसकी जान पुलिस एनकाउंटर में मारी गयी 35 गोली भी नहीं ले पायी है। आज विभिन्न आरोपों में जेल में बंद इस माफिया को अपनी जिंदगी पर खतरा मंडराता दिख रहा है और कोर्ट में अर्जी देकर पुलिस से जान बचाने की गुहार लगा रहा है।
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IMAGE CREDIT: Patrika

यूपी में सुपारी किंग के नाम से मशहूर मुना बजरंगी इस समय झांसी जेल में बंद है। मुन्ना बजरंगी को यूपी का सबसे बड़ा सुपारी किंग माना जाता है। बीजेपी के बाहुबली विधायक कृष्णानंद राय समेत कई लोगों की हत्या का आरोप मुन्ना बजरंगी पर लगा है। मुन्ना बजरंगी पर आरोप लगता है कि जिसकी भी सुपारी ले ली है उसका बचना बहुत कठिन होता है। जौनुपर के पूरेदयाल गाँव में 1967 में मुन्ना बजरंगी का जन्म हुआ था पिता पारसनाथ सिंह अपने बेटे को बड़ा आदमी बनाना चाहते थे लेकिन नसीब को कुछ और ही मंजूर था। मुन्ना बजरंगी का कभी पढ़ाई में मन नहीं लगा था सिर्फ कक्षा पांच तक पढऩे के बाद स्कूल छोड़ दिया था। मुन्ना बजरंगी की संगत अच्छी नहीं थी और मात्र १७ साल की उम्र में ही मारपीट व अवैध असलहा रखने के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। इसके बा मुन्ना बजरंगी ने जरायम की दुनिया का ऐसा रास्ता पकड़ा कि बहुत दूर तक चला गया।
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दिल्ली में पुलिस एनकाउंटर में लगी थी 35 गोलियां, फिर भी चलती रही सांस
समय के साथ सुपारी किंग मुन्ना बजरंगी के अपराधों की लिस्ट लंबी होती गयी। बाहुबली मुख्तार अंसारी के खास माने जाने वाले मुन्ना बजरंगी का दिल्ली में सितम्बर 1998 में पुलिस ने एनकाउंटर किया था। मुकरबा चौक पर पुलिस व मुन्ना बजरंगी के बीच गोली चली थी। मुन्ना बजरंगी को दर्जनों गोली लग गयी थी और पुलिस ने उसे मरा हुआ मान लिया था। इसी बीच वहां पर मानवाधिकार आयोग के लोग पहुंच गये थे और मुन्ना बजरंगी की सांस चलती देख उसे अस्पताल में भर्ती कराया था। मुन्ना बजरंगी ने मौत को मात देकर नया जीवन पाया था कहा जाता है कि पुलिस एनकाउंटर के समय मुन्ना बजरंगी को इतनी अधिक गोलियां लगी थी कि उसका सारा शरीर छलनी हो गया था। चिकित्सकों ने ऑपरेशन करके सारी गोलियां निकाल ली थी लेकिन एक गोली आज भी उसके शरीर में फंसी है, जिसे आज तक निकाला नहीं जा सका है।
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कभी सात लाख के ईनामी रहे मुन्ना बजरंगी ने कोर्ट में लगायी है जान बचाने की गुहार
मुन्ना बजरंगी अस्पताल से ठीक होकर जेल चला गया था बाद में जमानत पर छूटा तो फरार हो गया। उसके बाद मुन्ना बजरंगी पर सुपारी लेकर दर्जनों लोगों की हत्या करने का आरोप लगा है। कहा जाता है कि जौनपुर में पहली बार एके-47 से हत्या की गयी थी उसमे भी मुन्ना बजरंगी शामिल था। मुन्ना बजरंगी पर कई बड़ी हत्याओं में एके-47 प्रयोग करने का आरोप है। नाटकीय ढंग से दिल्ली पुलिस ने वर्षों पूर्व मुन्ना बजरंगी को गिरफ्तार किया है और इस समय वह झांसी जेल में बंद है। सीएम योगी राज में पुलिस के ताबड़तोड़ एनकाउंटर का खौफ मुन्ना बजरंगी के सिर पर चढ़ कर बोल रहा है ऐसे में मुन्ना बजरंगी ने अपने अधिवक्ता के सहयोग से बनारस कोर्ट में अर्जी देकर सुरक्षा दिलाने की मांग की है। मुन्ना बजरंगी का आरोप है कि जिला प्रशासन के साथ मिल कर पुलिस उसका एनकाउंटर करना चाहती है कोर्ट इस मामले में 9 मई को सुनवाई करेगा।
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