
Modi
वाराणसी. आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर बीजेपी जितने ही फूंक-फूंक कर कदम रख रही है, उसके सहयोगी दलों की ओर से उतने ही हमले किए जा रहे हैं। अभी तक तो यह हमला यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर ही हो रहा था, लेकिन अब बीजेपी के एक सहयोगी दल के नेता व यूपी सरकार में कैबिनेट ने सीधे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर करारा कटाक्ष कर दिया है। इस मंत्री के बयान से भारतीय जनता पार्टी में बेचैनी बढ़ गई है। चर्चाएं तो यहां तक हैं कि अब यह गठबंधन ज्यादा दिन तक नहीं चल सकेगा।
बता दें कि बीजेपी के सहयोगी दल सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर मंत्री बनने के बाद से लगातार बीजेपी सरकार और मुख्यमंत्री सीएम योगी आदित्यनाथ पर हमलावर रहे हैं। उन्होंने सीएम पर जातिवादी होने, प्रदेश में कानून व्यवस्था लचर होने जैसे तमाम आरोप लगाए। खुले आम आम सभा में सीएम पर लगाए जाने वाले आरोपों के बाद वह राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह से भी मिलने गए। फिर जब शाह पिछले दिनों लखनऊ आए थे तो भी उन्होंने राजभर सहित सभी मंत्रियों, विधायकों और पार्टी कार्यकर्ताओं को कड़ी नसीहत दी थी। उसके बाद राजभर के पर भी कतरे गए। विधानपरिषद चुनाव में बीजेपी ने अपना दल (अनुप्रिया पटेल गुट) को तो तवज्जो दी और उसके लिए एक सीट छोड़ दी मगर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी को किनारे कर दिया। इस खबर को पत्रिका ने चलाया भी था। लेकिन उससे भी राजभर को कोई फर्क नहीं पड़ा।
बनारस के एक दिन के दौरे पर गुरुवार को पहुंचे ओम प्रकाश राजभर ने अबकी बार पीएम नरेंद्र मोदी को ही निशाने पर ले लिया। मीडिया से मुखातिब राजभर ने कहा कि जब चुनाव आता है तो कोई अपने क्षेत्र को कैलिफोर्निया बनाने लगता है तो कोई क्योटटो और सिंगापुर। इतने से ही वह नहीं माने और कहा कि कुछ दल तो ऐसे हैं जिनसे जुड़े शीर्ष नेता तक मंदिर-मस्जिद की बात शुरू कर देते हैं। ये सब केवल चुनावी लफ्फाजी है इसके सिवाय और कुछ नहीं। बतादें कि राजभर अमेठी दौरे पर गए कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के उस बयान पर टिप्पणी कर रहे थे जिसमें उन्होंने अमेठी को कैलिफोर्निया बनाने की बात कही थी।
पीएम पर परोक्ष रूप से कटाक्ष करने के बाद वह फिर से सीएम योगी आदित्यनाथ पर आए और कहा कि योगी अब तक के सबसे कमजोर मुख्यमंत्री हैं। आलम यह है कि एक सिपाही तक इनकी नहीं सुनता। आईएएस और आईपीएस तो दूर की बात है। बोले कि थाना हो या तहसील हर जगह भ्रष्टाचार का बोलबाला है। यह सब सीएम की जानकारी में है लेकिन वह किंकर्तव्यविमूढ हैं। कुछ कर ही नहीं पा रहे। राजभर ने सीएम को इतने भर से नहीं छोड़ा बल्कि पिछड़ों और अति पिछड़ों को लेकर भी बड़ा बयान दिया, कहा कि पिछड़ी जाति के छात्रों की छात्रवृत्ति में योगी की सरकार बड़े पैमाने पर धोखा कर रही है।
उन्होंने उन्ना के भाजपा विधायक कुलदीप सिंह सेंगर पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उन्होंने तो बीजेपी की भद्द पिटवा दी। जो कुछ भी पिछले दिनों हुआ उसका गलत मैसेज पब्लिक के बीच गया है। इसका असर आगामी चुनावों पर पड़े तो कोई अचरज की बात नहीं। हालांकि थोड़ी ही देर में खुद को संभालते हुए कहा कि सेंगर के मसले पर बीजेपी जल्द ही कोई बड़ा निर्णय ले सकती है.
Published on:
19 Apr 2018 02:33 pm
