जयपुर। चूरू जिले में सरदारशहर के सोनपालसर गांव में चल रही भागवत कथा के पांचवें दिन गुरुवार को कथा वाचक पण्डित विजयकृष्ण सारस्वत ने भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का वर्णन किया। उन्होंने कहा पूतना जैसी बुराइयों को जब संसार से खतरा होने लग जाता है तो भगवान खुद अवतार लेकर ऐसी बुराइयों को जड़ से उखाड़ देते हैं। हमेशा प्रभु सुमिरन करते रहना चाहिए। अपने आप को भगवान को समर्पित करके उनके भजन में लगे रहना चाहिए। तभी जीवन का जीने का लक्ष्य पूरा हो पाएगा।