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ईशा फाउंडेशन के 77 लोगों में से एक है विदिशा की स्वाति बागरेचा, नेपाल में सर्च ऑपरेशन जारी

Swati Bagrecha Missing- विदिशा की स्वाति बागरेचा नेपाल त्रासदी में लापता हैं, वे कैलाश मानसरोवर से लौट रही थीं...। उन्हें ढूंढने के लिए कनाडा और भारत की सरकारें संपर्क में हैं...।
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विदिशा

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Manish Gite

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Updated: 30 Aug 2026, 12:04 PM IST

Swati Bagrecha Missing

Swati Bagrecha Missing- विदिशा की स्वाति बागरेचा नेपाल त्रासदी के दौरान कैलाश मानसरोवर यात्रा से लौट रही थीं। वे लापता हैं। (फोटो सोशल मीडिया/पत्रिका)

Swati Bagrecha Missing- कैलाश मानसरोवर जाने-आने वाले जत्थे भी नेपाल त्रासदी के संभावित चपेट में आए हैं। इसमें ईशा फाउंडेशन के 77 लोग भी शामिल हैं, जो नेपाल और चीन की सीमा पर इमिग्रेशन हॉल में मौजूद थे। अचानक आए जल प्रलय में पूरी ही बिल्डिंग बह गई। लापता लोगों में मध्यप्रदेश के विदिशा की बेटी स्वाति बागरेचा भी शामिल हैं। फिलहाल, रेस्क्यू दलों द्वारा स्वाति समेत फाउंडेशन के लापता सभी लोगों की तलाश की जा रही है।

पत्रिका के विदिशा संवाददाता अजीत शुक्ला ने शनिवार को स्वाति के पिता वरिष्ठ चिकित्सक केसी बागरेचा, भाई डा. प्रशांत बागरेचा और बहन डा. स्मिता बागरेचा से बात की। बेटी स्वाति बागरेचा कनाडा की भी नागरिक हैं। वो कुछ दिनों पहले नेपाल के रास्ते कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर गई हैं। स्वाति के अब तक वापस नहीं लौटने को लेकर पूरा परिवार दुखी हैं। स्वाति को ढूंढने के लिए कनाडा, भारत की सरकारों से संपर्क किया गया है।

परिवार के लोग बार-बार भावुक हो रहे हैं। भाई डॉ. प्रशांत बागरेचा रक्षाबंधन पर अपनी बहन को बार-बार याद कर रहे हैं। डॉ. प्रशांत ने बताया कि वो कैलाश मानसरोवर यात्रा से लौट रही थीं। उसने वाट्सअप पर मैसेज किया था कि मैं काठमांडू पहुंचने वाली हूं, तब वीडियो कॉल करूंगी। लेकिन, अब तक उनका कॉल नहीं आया। पिता, भाई और बहन कई बार फोन लगा रहे हैं, रिंग जा रही है, वो फोन रिसीव नहीं कर पा रही हैं।

परिजनों के मुताबिक मोबाइल की लोकेशन चीन बॉर्डर के आसपास मिल रही है। उनका कहना है कि हम लोग भारत और कनाडा की एंबेसी के संपर्क में हैं। हम स्वाति की सलामती की प्रार्थना कर रहे हैं। न जाने वो किस हाल में होगी, भगवान से यही प्रार्थना है कि वो जल्द से जल्द सुरक्षित घर वापस आ जाए। इस घटना के बाद से कई रिश्तेदार भी उन्हें हिम्मत देने के लिए घर आ रहे हैं।

बेटी को नाना के पास छोड़ा था

कनाडा के नागरिकता ले चुकी स्वाती अपनी बेटी को परिजनों के पास विदिशा में छोड़कर कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गई थीं। यात्रा के दौरान उनका परिवार से लगातार संपर्क बना हुआ था, लेकिन नेपाल में त्रासदी के बाद से संपर्क टूट गया।

केंद्रीय मंत्री से भी मांगी मदद

स्वाती के भाई डा. प्रशांत बागरेचा ने बताया कि उन्होंने केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मानव अधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो से संपर्क कर नेपाल सरकार और भारत सरकार के विदेश विभाग के माध्यम से स्वाती का जल्द पता लगाने की मांग की है। परिवार का कहना है कि मोबाइल लोकेशन के आधार पर स्वाति की तलाश में तेजी लाई जा सकती है। परिवार की ओर से कनाडा में भी भारतीय दूतावास से संपर्क किया गया है। मामले की जानकारी मिलने पर विदिशा विधायक मुकेश टंडन भी बागरेचा परिवार से मिलने पहुंचे।

क्या बोले सद्गुरू वासुदेव जग्गी

ईशा फाउंडेशन से जुड़े लोगों के लापता होने पर वासुदेव जग्गी भावुक हैं, उन्होंने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वे कहते हैं कि बहुत दुख और अफसोर के साथ मैं आपको बताना चाहता हूं कि तिब्बत और नेपाल बार्डर के बीच अचानक जबरदस्त बाढ़ आ गई। भारतीय न्यूज एजेंसी के अनुसार नेपाल की तरफ लगभग 484 लोग लापता हैं और इस तरफ हमारे पास कोई आधिकारिक जानकारी नहीं।