9 मार्च 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बांग्लादेश में फिर हिंदू की हत्या: लुटेरों ने मचाया कोहराम, बेरहमी से कुचलकर मार डाला

स्थानीय मीडिया के अनुसार, जान गंवाने वाले युवक की पहचान 16 साल के शांतो कुमार साहा के रूप में हुई है। उसे लुटेरों ने सड़क पर फेंक दिया और एक चलती गाड़ी से टकरा गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

2 min read
Google source verification
Hindu Minorities Bangladesh Attacks

Hindu Minorities Bangladesh Attacks

Bangladesh Hindu Murdered: भारत के पड़ोसी देश बांग्लादेश में नई सरकार बन जाने के बाद भी हिंदूओं हमले थमने का नाम नहीं ले रहे है। बांग्लादेश में माइनॉरिटी कम्युनिटी के खिलाफ हिंसा की एक और परेशान करने वाली घटना सामने आई है। एक युवा हिंदू लड़के की गाड़ी लूटने की कोशिश कर रहे लुटेरों से भिड़ंत के बाद गाड़ी से कुचलकर मौत हो गई। लोकल मीडिया ने सोमवार को यह खबर दी। यह घटना रविवार शाम को फेनी जिले के लालपोल इलाके में ढाका-चटगांव हाईवे पर हुई।

हिंदू लड़के की गाड़ी से कुचलकर मौत

स्थानीय मीडिया के अनुसार, जान गंवाने वाले युवक की पहचान 16 साल के शांतो कुमार साहा के रूप में हुई है। उसे लुटेरों ने सड़क पर फेंक दिया और एक चलती गाड़ी से टकरा गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

लूटपाट के बाद हैवानियत

मरने वाले के रिश्तेदारों और चश्मदीदों के हवाले से, बांग्लादेशी बंगाली मीडिया आउटलेट 'जैगोन्यूज24' ने बताया कि शांतो को लालपोल में मियाजी फिलिंग स्टेशन के सामने अपने ऑटोरिक्शा में एक पैसेंजर का सामान रखते हुए देखा गया था। आधे घंटे बाद अनजान हमलावरों ने उस पर हमला किया, उसे पीटा और लूटने की कोशिश करते हुए हाईवे के किनारे एक पुलिया के नीचे फेंक दिया।

मौके पर ही मौत

जब शांतो वहां से उठा और लुटेरों का पीछा किया, तो उन्होंने उसे हाईवे पर धक्का दे दिया, जहां उसे एक चलती गाड़ी ने टक्कर मार दी और उसकी तुरंत मौत हो गई। घटना की पुष्टि करते हुए फेनी के एडिशनल सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस निशात तबस्सुम ने कहा, 'सूचना मिलने पर, पुलिस ने मौके से बॉडी बरामद की और उसे फेनी जनरल हॉस्पिटल की मोर्चरी में भेज दिया।'

ऑटो-रिक्शा ड्राइवर से मिली जानकारी

जैगोन्यूज24 ने शांतो के चचेरे भाई निपुल दास के हवाले से बताया, 'शाम को जब उसके घरवाले उससे संपर्क नहीं कर पाए, तो उन्होंने उसे ढूंढना शुरू कर दिया। बाद में एक जान-पहचान वाले ऑटो-रिक्शा ड्राइवर से जानकारी मिलने के बाद हम मौके पर गए और शांतो की बॉडी मिली। अगर हम उस इलाके के CCTV फुटेज देखें जहां से उसने यात्रियों को उठाया था, तो किडनैपर्स की पहचान हो सकेगी।

'पूरी प्लानिंग के साथ किया गया टारगेट'

शांतो की दूसरी कजिन निपा रानी दास ने कहा कि मैं शांतो से इफ़्तार से ठीक पहले मियाजी फिलिंग स्टेशन के सामने मिली थी। जब मैंने उससे घर ले चलने को कहा, तो उसने कहा कि उसे एक पैसेंजर को ले जाना है। उस समय उसके ऑटोरिक्शा में कुछ बोरे थे। मैंने उसके बगल में एक आदमी को भी खड़ा देखा। मुझे लगता है कि उन्होंने इफ्तार के दौरान शांत माहौल का फायदा उठाकर शांतो को टारगेट किया और ऑटोरिक्शा को हाईजैक कर लिया।
नई बनी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) सरकार के तहत यह ताजा घटना पूरे बांग्लादेश में हिंदू समुदायों को निशाना बनाकर हिंसा में लगातार और खतरनाक बढ़ोतरी को दिखाती है।