
ऑस्ट्रेलियाई पूर्व पीएम स्कॉट मॉरिसन(फोटो-ANI)
PM Modi Australia Visit: भारत के गगनयान मिशन को ऑस्ट्रेलिया से बड़ा समर्थन मिला है। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने भारत-ऑस्ट्रेलिया के बीच साइबर सुरक्षा, महत्वपूर्ण टेक्नोलॉजी, सप्लाई चेन और गगनयान मिशन में सहयोग से जुड़े नए फैसलों का स्वागत करते हुए कहा कि ये दोनों देशों की व्यापक रणनीतिक साझेदारी का स्वाभाविक विस्तार हैं। उन्होंने भारत के तेजी से आगे बढ़ रहे अंतरिक्ष क्षेत्र की भी जमकर सराहना की।
मीडिया एजेंसी ANI से बातचीत में स्कॉट मॉरिसन ने कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी का उद्देश्य ही ऐसे सहयोग को आगे बढ़ाना था। उनके मुताबिक, हालिया घोषणाएं इसी साझेदारी के प्रोसेस का हिस्सा हैं। पूर्व पीएम ने कहा कि दोनों देशों के संबंध जिस स्तर तक पहुंचे हैं, उसके बाद इस तरह के सहयोगी समझौते स्वाभाविक हैं।
स्कॉट मॉरिसन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र के विकास पर विशेष जोर दिया है। उन्होंने कहा कि स्पेस इंडस्ट्री भारत के लिए बड़ी संभावनाओं वाला क्षेत्र है और इसमें ऑस्ट्रेलिया समेत अन्य देशों के साथ सहयोग की काफी गुंजाइश है। उन्होंने कहा कि भारत का अंतरिक्ष क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ रहा है और यह वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बना रहा है।
मॉरिसन ने भारत यात्रा की यादें शेयर करते हुए कहा कि उन्होंने भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों से मुलाकात की थी, जो आने वाले मिशनों की तैयारी में जुटे थे। उन्होंने कहा कि जब भारत ने चंद्रयान-3 के जरिए चंद्रमा पर सफल सॉफ्ट लैंडिंग की थी, तब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दे रही थी। उनके अनुसार, इस उपलब्धि ने भारत की उन्नत अंतरिक्ष क्षमताओं को पूरी दुनिया के सामने दिखाया है।
इस बीच ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में घोषणा की कि गगनयान मानव अंतरिक्ष मिशन के समर्थन के लिए कोकोस द्वीप समूह पर एक अस्थायी स्पेस ट्रैकिंग टर्मिनल स्थापित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में दोनों देशों का सहयोग लगातार बढ़ रहा है और यह नया कदम भारत के पहले मानव अंतरिक्ष मिशन को तकनीकी सहायता देगा।
यह घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज की मेलबर्न में हुई बैठक के दौरान की गई। दोनों नेताओं ने मीडिया के सामने मुलाकात के बाद हाथ मिलाकर दोनों लोकतांत्रिक देशों के बीच मजबूत होते रणनीतिक संबंधों का संदेश दिया।
Updated on:
09 Jul 2026 05:19 pm
Published on:
09 Jul 2026 04:53 pm
