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ईरान ने 3 जहाजों को हॉर्मुज से वापस भेजा, ओमान की घोषणा के बाद कहा- सिर्फ हमारे बताए रूट से ही गुजरना होगा

Strait Of Hormuz News: ईरान ने हॉर्मुज स्ट्रेट पार करने के लिए अपनी अनुमति जरूरी बता दी है। साथ ही तीन विदेशी तेल टैंकर को वापस लौटा दिया है।
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भारत

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Mukul Kumar

Jun 26, 2026

Indian ships stranded in Hormuz

Hormuz Strait होर्मुज स्ट्रेट में ईरानी सैनिक। (File Photo - IANS)

ओमान की घोषणा के बाद ईरान पूरी तरह से बौखला गया है। ईरान सेना ने स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर अपना पूरा कब्जा जताते हुए चेतावनी दी है कि इस रास्ते से केवल वही जहाज गुजरेंगे, जिन्हें अनुमति होगी।

इस चेतावनी के बाद तीन विदेशी तेल टैंकरों को बीच रास्ते से वापस लौटना पड़ा। ईरानी राज्य मीडिया IRIB के मुताबिक, ईरानी नेवी कमांडरों ने सभी जहाजों को रेडियो मैसेज के माध्यम से साफ कहा कि इस इलाके में सिर्फ ईरान का कानून चलता है। किसी भी जहाज को बिना अनुमति के हॉर्मुज से गुजरने की इजाजत नहीं है।

सभी जहाजों को निर्धारित रूट से ही गुजरना होगा

ओमान की घोषणा के बाद ईरान ने यह भी साफ कहा कि वह जो रास्ता तय करेगा, सभी जहाजों को उसी रूट से गुजरना होगा, कोई और रास्ता मान्य नहीं होगा। अगर जहाज दूसरे रास्तों से निकले तो उन पर हमला होगा।

बता दें कि ओमान ने खुलकर यह घोषणा कर दी है कि हॉर्मुज से गुजरने के लिए वह जहाजों को रास्ता देगा, उसके रूट से गुजरने वाले जहाजों को कोई भी टोल नहीं देना है।

ओमान ने यह भी कहा कि सभी जहाजों की सुरक्षा की गारंटी भी उसकी होगी। इस ऐलान के बाद ही ईरान की यह चेतावनी सामने आई है।

तीन तेल टैंकरों को मजबूरन वापसी

ईरान की चेतावनी के बाद तीन विदेशी तेल टैंकर बिना अनुमति गुजरने की कोशिश में असफल रहे। ईरानी टीवी ने बताया कि इन टैंकरों को वापस मुड़ना पड़ा। इस घटना से साफ हो गया है कि ईरान अब अपने इलाके में किसी भी तरह की आजादी बर्दाश्त नहीं कर रहा है।

सिंगापुर के जहाज पर हमला

इससे पहले एक सिंगापुर फ्लैग वाले जहाज पर अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ। इस हमले के बाद संयुक्त राष्ट्र ने हॉर्मुज में फंसे करीब 11,000 नाविकों को बचाने का अपना मिशन रद्द कर दिया। ईरान ने हालांकि इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन लगातार चेतावनियां जारी कर रहा है।

बता दें कि ईरान का यह रुख हाल के घटनाक्रमों के बाद और सख्त हुआ लगता है। अमेरिका से अब तक उसकी डील पूरी तरह से नहीं हो पाई है।

ईरान ने एक दिन पहले अमेरिका के उस दावे को भी खारिज कर दिया, जिसमें यह कहा जा रहा था कि यूएस ईरान के जब्त पैसों से अमेरिकी फसल खरीदकर तेहरान भेजेगा।