4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

सिलीकोसिस पीडि़तो को घर जाकर पहुंचाई मदद

अब यूको बैंक के खाताधारकों को भी डाक विभाग करेगा भुगतान
2 min read
Google source verification
india post

india post

अजमेर. भारतीय डाक विभाग india post द्वारा इंडियापोस्ट पेमेंट्स बैंक ippb के माध्यम से (एईपीएस) के तहत आधार से लिंक किसी भी बैंक bank खाते का घर बैठे भुगतान किया जा रहा था। पूर्व में इस सुविधा का लाभ यूको बैंक के ग्राहकों को नही मिल रहा था। नेशनल पेमेन्ट कार्पोरेशन ऑफ इंडिया से पंजीकृत होने के बाद 21 अप्रेल से ucoयूको बैंक के ग्राहक भी अब इस सुविधा का लाभ उठा सकते है। इस माह में 9 हजार 616 बैंकखाता धारकों को २ करोड़ 15 लाख 93 हजार 693 रुपए का भुगतान किया गया। वहीं डाककर्मी जिले के सिलोकसिस पीडि़तों Silicosis victim को उनके घर जाकर उनके बैंक खाते का पैसा उपलब्ध करवा रहे हैं। यहां तक की डाककर्मी बैंक खाताधारक की मांग पर रात्रि 9.30 तक अपनी सेवा दे रहे हैं। प्रवर अधीक्षक (डाकघर) पवन कुमार शर्मा ने बताया कि बुधवार को अजमेर जिले में 835 अन्य बैंक के खाता धारकों को अब तक का एक दिन में सर्वाधिक 21 लाख 20 हजार का रिकॉर्ड भुगतान किया गया।

तीन पोस्टमैन क्वारेंटाइन

शहर के मुस्लिम मोची मोहल में कोरोना संक्रमित पाए जाने पर इस क्षेत्र में डाक वितरण व एईपीएस के तहत भुगतान करने वाले पोस्टमैन स्टाफ की जांच के लिए मुख्य चिकित्सा एवम स्वास्थ्य अधिकारी अजमेर को पत्र लिखा गया। इसके बाद चिकित्सा विभाग की टीम ने प्रधान डाकघर अजमेर का दौरा किया व पोस्टमैन किशनलाल,नितेश चौहान व राजेन्द्र कुमार फु लवारी को एहतियातन 14 दिन के लिए क्वारेंटाइन में भेज दिया गया। डाक विभाग ने चिकित्सा विभाग से प्रधान डाकघर के अन्य कर्मचारियों की जांच के लिए कहा।
डाकघरों का किया निरीक्षण

डाक विभाग अजमेर मंडल के प्रवर अधीक्षक (एसएसपी) पवन कुमार शर्मा ने जिले के ग्रामीण क्षेत्र के डाकघरों द्वारा आमजन को आधार एनेबल्ड पेमेंट सिस्टम (एईपीएस) केजरिए किए जा रहे भुगतान सेवाओं का जायजा लिया। एसएसपी ने आईआई माखुपुरा,एचएमटी,दौराई, सराधना,राजगढ़,श्रीनगर,जीसी रोड डाकघरों का निरीक्षण किया तथा इनके अधीनस्थ आने वाले ग्रामीण क्षेत्र के शाखा पोस्ट मास्टर को जिन डाकघरों में एईपीएस भुगतान की स्थिति संतोषजनकर नहीं पाई गई उन्हें व्यवस्था में सुधार के निर्देश।

read more:नरेगा में सात हजार मजदूरों को मिला रोजगार