4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

मौसम में जून तक लगातार दिखेंगे बदलाव

बेमौसम बरसात, ओलावृष्टि, अंधड़ और तापमान में असामान्य बढ़ोतरी संभव है।
2 min read
Google source verification
weather change

weather change

रक्तिम तिवारी/अजमेर. मौसम पर ग्लोबल वार्मिंग का असर दिखने लगा है। इस साल जून तक मौसम में लगातर कई बदलाव होंगे बेमौसम बरसात, ओलावृष्टि, अंधड़ और तापमान में असामान्य बढ़ोतरी संभव है।

2020 की शुरुआत से चीन, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, रूस, भारत सहित कई देश कड़ाके की ठंडक, बर्फबारी से प्रभावित है। न्यूजीलैंड में 40 साल बाद समुद्र का पानी 4 से 6 डिग्री तक गर्म हो गया है। ऑस्ट्रेलिया में राजस्थान जैसे रेतीले अंधड़ प्रारंभ हो गए हैं। यह ग्लोबल वार्मिंग का असर है।

मार्च में मौसम सर्द
मार्च में मौसम सर्द बना हुआ है। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड में भारी बर्फबारी भी हुई है। जनवरी में राजस्थान में माउन्ट आबू, फतेहपुर, जोबनेर सहित कई इलाकों में न्यूनतम पारा माइनस डिग्री तक पहुंच गया था। अजमेर का तापमान भी जनवरी में तापमान 3.4 डिग्री तक पहुंच गया था। लेकिन फरवरी में ही तापमान ने 32 डिग्री तक पहुंचकर गर्माहट का एहसास भी करा दिया था।

ला नीनो की गति तेज

मौसम विभाग की मानें तो ठंड का का दायरा मार्च के दूसरे पखवाड़े तक रहने की उम्मीद है। जबकि सामान्य तौर पर मकर संक्रांति और बसंत पंचमी के बाद हल्की गर्मी मौसम में दस्तक दे देती है। मार्च तक प्रशांत महासागर में ला-नीनो की गति तेज रहने से मौसम में कई उथल-पुथल होंगे।

Read More: CBSE: मई में आएंगे सीबीएसई के दसवीं-बारहवीं के रिजल्ट

बेमौसम बारिश-ओले
पश्चिमी विक्षोभ के कारण जनवरी से जून के मध्य बेमौसम बरसात, ओलावृष्टि होने की भी संभावना है। इस दौरान कभी बर्फीली हवाएं तो तभी तापमान में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। अप्रेल से जून तक तेज गर्मी, लू, अंधड़ के साथ-साथ तापमान में बदलाव भी देखने को मिलेगा।

बीते साल हुई रिकॉर्ड बरसात
ग्लोबल वॉर्मिंग और इंडियन नीनो प्रभाव के चलते पिछले साल राजस्थान में जमकर बरसात हुई थी। अजमेर भी इसमें शामिल है। जिले की औसत बारिश 550 मिलीमीटर है। जबकि 1 जून से 8 सितंबर तक जिले में 900 मिलीमीटर हो चुकी थी। इससे पहले सात साल तक जिले की औसत बारिश 350 से 450 मिलीमीटर के बीच ही हुई थी।

Read More: नगर निगम की साधारण सभा में जाना स्मार्ट सिटी अधिकारी को पड़ा भारी