महिला बाल विकास विभाग द्वारा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मदद से कुपोषित बच्चों का सर्वे कराया जाता है। वर्ष 2024 में जिले के विभिन्न आंगनबाड़ी केन्द्रों द्वारा 74 हजार 774 बच्चों का वजन कराया गया था। इसमें 11 हजार 175 बच्चे कुपोषित पाए गए हैं, जो कि 14.6 प्रतिशत है। वहीं वर्ष 2023 के आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले वर्ष 79 हजार 156 बच्चों का वजन कराया गया था।