छात्र के पिता का कहना है कि यदि बच्चों ने गलती की भी थी तो एक शिक्षक का कर्तव्य होता है कि वह उसे समझाए, सही राह दिखाए। लेकिन उन्होंने हिंदी और अंग्रेजी में 100-100 बार गाली लिखने को कहा। मेरे बच्चे ने लिखते समय 200 बार गाली (Wrote abuse) का उच्चारण भी किया होगा। उन्होंने कहा कि हम अपने बच्चों को स्कूल में पढ़ाने भेजते हैं या गाली सिखाने। उन्होंने शिक्षिका के इस कृत्य की कड़ी निंदा की है। वहीं छात्र संगठनों ने भी शिक्षिका के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।