आगरा

आगरा में धंसी सड़क तो सपा नेता गड्ढे में उतरे, बोले- ताजनगरी बन गई गड्ढा नगरी

Samajwadi Party Leader Nitin Kohli: आगरा के कमला नगर में सड़क धंसने पर सपा नेता नितिन कोहली गड्ढे में उतरे और इसे ‘गड्ढा नगरी’ बताते हुए सड़क निर्माण में लापरवाही व भ्रष्टाचार के आरोप लगाए।
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Aug 08, 2026
Nitin Kohli
सपा नेता नितिन कोहली गड्ढे में उतरे (X Photo ompratap singh0)

Agra Road Collapse: आगरा में सड़क धंसने की घटना के बाद अब सियासत भी तेज हो गई है। कमला नगर इलाके में अचानक बनी कई फीट गहरी खाई को लेकर समाजवादी पार्टी नेता नितिन कोहली ने अनोखे अंदाज में विरोध जताया। सपा नेता सीढ़ी लगाकर गड्ढे के अंदर उतर गए और प्रशासन पर सड़क निर्माण में लापरवाही व भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। उन्होंने आगरा को 'गड्ढा नगरी' बताते हुए लोगों की सुरक्षा पर सवाल खड़े किए। घटना के बाद सड़क की गुणवत्ता और मानसून में हो रही समस्याओं को लेकर बहस शुरू हो गई है।

ये सड़क नहीं पाताल जाने का रास्ता है- नितिन

गड्ढे के अंदर खड़े होकर नितिन कोहली ने विकास कार्यों में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ताजनगरी अब 'गड्ढा नगरी' बनती जा रही है। उन्होंने सड़क के गड्ढे को पाताल जाने का रास्ता बताते हुए कहा कि बारिश के मौसम में शहर की सड़कें लगातार धंस रही हैं और लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि निर्माण कार्यों में लापरवाही के कारण ऐसी स्थिति पैदा हो रही है। उनका कहना था कि प्रशासन को समय रहते सड़कों की गुणवत्ता पर ध्यान देना चाहिए, ताकि आम लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।

मानसून में सड़क धंसने की घटनाएं बढ़ीं

आगरा की इस घटना ने एक बार फिर उत्तर प्रदेश में सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। मानसून के दौरान कई जगहों पर सड़क टूटने और धंसने की शिकायतें सामने आती रही हैं। यह मामला ऐसे समय सामने आया है, जब कुछ दिन पहले ही भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर दरार और मिट्टी कटाव की शिकायतों के बाद संबंधित एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की थी।

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर भी हुई थी कार्रवाई

NHAI ने एक्सप्रेसवे में सामने आई कमियों को गंभीरता से लेते हुए परियोजना निदेशक को निलंबित कर दिया था और कंपनी के कामकाज से अलग कर दिया गया था। इसके अलावा स्वतंत्र इंजीनियरिंग टीम के प्रमुख पर भी कार्रवाई की गई थी। निर्माण एजेंसी को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया था कि उद्घाटन के कुछ समय बाद ही एक्सप्रेसवे पर दरारें और खराबी क्यों सामने आईं।

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के किनारों पर कई जगह कटाव और दरारें आने के बाद वाहन चालकों को परेशानी हुई थी। इसके बाद मरम्मत कार्य शुरू किया गया और करीब 63 किलोमीटर लंबे हिस्से पर यातायात को सुचारू रखने के लिए डायवर्जन किया गया था।

4200 करोड़ रुपये में बना एक्सप्रेसवे

गौरतलब है कि लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे का निर्माण करीब 4200 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है। इसे आगरा की एक कंपनी ने बनाया था। इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 13 जुलाई को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया था। आगरा में सड़क धंसने की घटना के बाद एक बार फिर सड़क निर्माण की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर चर्चा शुरू हो गई है।


Updated on:
08 Aug 2026 01:48 pm
Published on:
08 Aug 2026 01:47 pm