बलिया

शुभेंदु अधिकारी के PA की हत्या, टोल पर एक UPI पेमेंट ने खोल दी संदिग्‍ध राज सिंह की पोल

Bengal CM PA Murder Case: संदिग्‍ध आरोपी राज सिंह का यूपी के कई नेताओं के साथ फोटो वायरल हो रही है। बता दें कि शुभेंदु अधिकारी के PA की हत्या का मुख्य आरोपी है।। पढ़ें पूरी खबर...
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May 12, 2026
Subhendu Adhikari PA Murder, Raj Singh Ballia
मंत्री दयाशंकर सिंह के साथ संदिग्ध आरोपी राज सिंह | फोटो सोर्स- facebook( ठाकुर राज सिंह)

Bengal CM PA Murder Case: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पीए की हत्या के मामले में यूपी का रसूखदार चेहरा पुलिस के हत्थे चढ़ा है। खुद को नेताओं और माफिया का करीबी बताने वाला राज सिंह, बंगाल में कत्ल की वारदात को अंजाम देकर यूपी में बेखौफ घूम रहा था। लेकिन एक छोटी सी डिजिटल गलती भारी पड़ गई। टोल प्लाजा पर किए गए महज एक UPI पेमेंट ने पुलिस को कातिलों के दरवाजे तक पहुंचा दिया।

डिजिटल सुराग और सलाखों के पीछे 'महासचिव'

इस वारदात का सिरा पश्चिम बंगाल से शुरू होकर उत्तर प्रदेश के टोल प्लाजा पर खत्म हुआ। बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस ने बलिया के राज सिंह को गिरफ्तार किया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस हत्याकांड की पोल एक छोटे से UPI ट्रांजेक्शन ने खोल कर रख दी। राज सिंह खुद को क्षत्रिय महासभा का प्रदेश महासचिव बताता है जो कि अब पुलिस रिमांड पर है।

टोल प्लाजा पर हुई वो एक बड़ी चूक

6 मई की रात कोलकाता के मध्यमग्राम में चंद्रनाथ की हत्या करने के बाद आरोपी फरार हो गए थे। पुलिस पांच दिनों तक यूपी और बिहार के जिलों में खाक छानती रही, लेकिन सफलता अयोध्या में मिली। फरार होने के दौरान आरोपियों ने एक टोल प्लाजा पर UPI के जरिए भुगतान किया था। इसी डिजिटल फुटप्रिंट का पीछा करते हुए कोलकाता पुलिस ने राज सिंह को दबोच लिया। इसके अलावा बिहार के बक्सर से उसके दो साथी मयंक राज मिश्रा और विक्की मौर्या भी पकड़े गए हैं।

नेताओं और माफियाओं के साथ था उठना- बैठना

गिरफ्तारी के बाद जब राज सिंह का प्रोफाइल खंगाला गया तो कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई। राज सिंह के सोशल मीडिया पर सरकार के बड़े मंत्री, जौनपुर के विधायक और गोंडा के एक बड़े नेता के साथ फोटो वायरल हो रहे हैं। पुलिस को उसके माफिया संपर्कों के भी सुराग मिले हैं। इतना ही नहीं, वह पार्षद का चुनाव भी लड़ चुका है और चिलकहर (बलिया) से ब्लॉक प्रमुख बनने की तैयारी में था।

डेढ़ महीने पहले बुना गया था मौत का जाल

SIT की जांच में सामने आया है कि यह कोई अचानक हुई वारदात नहीं थी। चंद्रनाथ रथ की हत्या की साजिश करीब डेढ़ महीने पहले रची गई थी। हत्यारों ने बाकायदा रेकी की और बहुत ही पेशेवर तरीके से वारदात को अंजाम दिया।

शादी समारोह में शामिल होने आया था यूपी

राज सिंह अपनी मां के साथ 7 मई को लखनऊ में एक एमएलसी की बेटी की शादी में शामिल होने आया था। वहां से वह अंबेडकरनगर और फिर अयोध्या दर्शन के लिए गया। वह वापस बलिया लौट पाता, उससे पहले ही पुलिस ने उसे घेर लिया। हालांकि आरोपी की मां ने इन आरोपों को गलत बताते हुए मामले की सीबीआई जांच की मांग की है।

Updated on:
12 May 2026 02:00 pm
Published on:
12 May 2026 01:53 pm