
ED-IT Raid: छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में शुक्रवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) और आयकर विभाग (IT) की संयुक्त कार्रवाई से हड़कंप मच गया। केंद्रीय एजेंसियों की टीम ने स्थानीय कारोबारी राजकुमार सर्राफ के गौरव पथ स्थित आवास पर दबिश देकर दस्तावेजों और वित्तीय रिकॉर्ड की जांच शुरू की। कार्रवाई तड़के करीब 4 बजे शुरू हुई और कई घंटों तक जारी रही। हालांकि, जांच के उद्देश्य को लेकर एजेंसियों ने कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की है। इस बीच, शहर में कार्रवाई को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं और अटकलें तेज हो गई हैं।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार तड़के करीब 4 बजे दो वाहनों से पहुंचे अधिकारियों की टीम ने कारोबारी के घर पहुंचकर जांच शुरू की। टीम ने परिसर में मौजूद विभिन्न दस्तावेजों, वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य जरूरी अभिलेखों की बारीकी से जांच की। कई घंटों तक चली इस कार्रवाई के दौरान किसी भी बाहरी व्यक्ति को परिसर में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई।
कार्रवाई के दौरान मौजूद अधिकारियों ने मीडिया से दूरी बनाए रखी। न तो प्रवर्तन निदेशालय और न ही आयकर विभाग की ओर से छापेमारी के उद्देश्य या जांच के विषय में कोई आधिकारिक जानकारी साझा की गई। ऐसे में कार्रवाई को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई कथित तौर पर मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामलों की जांच के तहत की जा रही है। हालांकि, संबंधित एजेंसियों ने इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। इसलिए जांच के वास्तविक कारणों पर फिलहाल केवल अटकलें ही लगाई जा रही हैं।
शहर में यह भी चर्चा है कि कारोबारी का कथित रूप से शराब और कोयला कारोबार से भी संबंध रहा है। इसी आधार पर ED द्वारा वित्तीय लेन-देन और निवेश से जुड़े पहलुओं की जांच किए जाने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, इन दावों की भी विभागीय स्तर पर पुष्टि नहीं हुई है।
फिलहाल संबंधित एजेंसियां दस्तावेजों और अन्य रिकॉर्ड की जांच में जुटी हुई हैं। कार्रवाई के पीछे की वास्तविक वजह और जांच का दायरा विभाग की आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।