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अचानक सील हुआ CMO का ऑफिस! जशपुर में बड़ा प्रशासनिक एक्शन, नगर पालिका परिसर में जुटी लोगों की भीड़

Municipal Office Sealed: जशपुर नगर पालिका में एसडीएम के निर्देश पर CMO योगेश्वर उपाध्याय के कार्यालय को सील कर दिया गया। अचानक हुई इस कार्रवाई से नगर पालिका परिसर में हलचल मच गई।
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CMO Office Sealed

CMO Office Sealed: प्रशासनिक हलकों में मची हलचल(photo-patrika)

CMO Office Sealed: छत्तीसगढ़ के जशपुर नगर पालिका में शुक्रवार को एक बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई हुई। एसडीएम के निर्देश पर मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO) योगेश्वर उपाध्याय के कार्यालय को सील कर दिया गया। इस अचानक हुई कार्रवाई से नगर पालिका परिसर में हलचल मच गई। बताया जा रहा है कि पिछले कुछ दिनों से CMO के नियमित रूप से कार्यालय नहीं आने और वरिष्ठ अधिकारियों के फोन कॉल का जवाब नहीं देने की चर्चाएं थीं। हालांकि, प्रशासन ने अभी तक कार्यालय सील किए जाने के कारणों को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।

Jashpur Breaking News: कार्यालय सील होने के बाद बढ़ी हलचल

नगर पालिका कार्यालय में कार्रवाई की जानकारी मिलते ही कर्मचारी और स्थानीय लोग बड़ी संख्या में मौके पर पहुंचने लगे। कार्यालय के बाहर सीलिंग की कार्रवाई को लेकर लोगों में उत्सुकता बनी रही। सूत्रों के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से सीएमओ के नियमित रूप से कार्यालय नहीं पहुंचने की चर्चा थी। साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों के फोन कॉल का जवाब नहीं मिलने की बात भी सामने आ रही थी। हालांकि, इन दावों की अब तक प्रशासनिक स्तर पर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरें

कार्यालय के बाहर लगाए गए सील संबंधी नोटिस की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। तस्वीरों के सामने आने के बाद पूरे जिले में इस कार्रवाई को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। लोगों के बीच यह सवाल भी उठ रहे हैं कि आखिर ऐसी कौन-सी परिस्थितियां बनीं, जिनके चलते प्रशासन को नगर पालिका के एक वरिष्ठ अधिकारी के कार्यालय को सील करने की जरूरत पड़ी।

प्रशासन ने नहीं दी आधिकारिक जानकारी

अब तक जिला प्रशासन की ओर से कार्यालय सील किए जाने के पीछे की वजह को लेकर कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है। न ही यह स्पष्ट किया गया है कि यह कार्रवाई किसी जांच का हिस्सा है या प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत की गई है। अधिकारियों का कहना है कि मामले से संबंधित जानकारी उचित समय पर सार्वजनिक की जाएगी।

आगे की कार्रवाई पर टिकी निगाहें

फिलहाल, नगर पालिका के कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों की नजरें जिला प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हुई हैं। कार्यालय सील किए जाने की घटना ने प्रशासनिक हलकों में हलचल पैदा कर दी है और लोग आधिकारिक बयान का इंतजार कर रहे हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या स्पष्टीकरण देता है और सीएमओ कार्यालय को सील करने के पीछे की वास्तविक वजह क्या सामने आती है।