
BSP Scrap Coke Theft: भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) में फ्लू डस्ट परिवहन की आड़ में लौह स्क्रैप और महंगे ऑस्टे्रलियन कोक की चोरी के बहुचर्चित मामले की जांच लगातार नए मोड़ ले रही है। भिलाई-3 थाना पुलिस ने शनिवार और रविवार को सीआईएसएफ के एक एएसआई समेत चार जवानों से विस्तृत पूछताछ की। पुलिस का कहना है कि पूछताछ में कई अहम तथ्य सामने आए हैं, जिनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर संबंधित लोगों की गिरफ्तारी भी की जा सकती है।
अब तक इस मामले में 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। जांच के दौरान एक आरोपी ने खुलासा किया कि उससे केवल लौह स्क्रैप ही नहीं, बल्कि ऑस्ट्रेलियन कोक, नट कोक, ब्रिक्स और सिंटर जैसे महंगे औद्योगिक पदार्थों की भी चोरी कराई जाती थी। इस खुलासे के बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया। मामले की जांच अब बीएसपी के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंच चुकी है। अब संबंधित विभाग के एक अन्य सीजीएम स्तर के अधिकारी को भी नोटिस जारी किया गया है। पुलिस के अनुसार नोटिस जांच प्रक्रिया का हिस्सा है और आवश्यकता पड़ने पर उनसे भी पूछताछ की जाएगी।
जांच के दौरान सीआईएसएफ जवानों से 17 बिंदुओं पर पूछताछ की गई। जवानों ने संबंधित गेट पर अपनी ड्यूटी होने की पुष्टि की, लेकिन कई सवालों के जवाब देते समय वे असहज नजर आए। पुलिस ने सभी के बयान दर्ज कर लिए हैं और उन्हें उपलब्ध दस्तावेजी व तकनीकी साक्ष्यों से मिलाया जा रहा है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि सुरक्षा व्यवस्था में चूक हुई या किसी स्तर पर मिलीभगत रही।
पुलिस ने फरार ठेका एजेंसी संचालक हिमांशु खंडेलवाल और गिरीश खंडेलवाल की चल एवं अचल संपत्तियों का ब्यौरा जुटाना शुरू कर दिया है। पुलिस टीमें उनके संभावित ठिकानों पर पहुंचीं, लेकिन दोनों आरोपी नहीं मिले। अधिकारियों का कहना है कि यदि वे जल्द गिरफ्तार नहीं होते हैं तो न्यायालयीन प्रक्रिया के तहत उनकी संपत्तियां कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी।
सीआईएसएफ के एएसआई समेत चार जवानों से पूछताछ की गई है। साथ ही फरार आरोपियों की चल एवं अचल संपत्तियों का विवरण एकत्र किया जा रहा है। यदि आरोपी जल्द गिरफ्तार नहीं होते हैं तो नियमानुसार उनकी संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी- प्रशांत सिंह पैकरा, सीएसपी छावनी