
Australian Coke Theft: भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) से फ्लू डस्ट की आड़ में ऑस्ट्रेलियन कोक और लौह स्क्रैप की संगठित चोरी के बहुचर्चित मामले में पुरानी भिलाई पुलिस ने गिरोह के 16वें आरोपी को गिरफ्तार कर जांच को नया मोड़ दिया है। धमतरी निवासी और हिमांशु ब्रदर्स कंपनी में लोडर ऑपरेटर रहे हेमंत देवांगन (22) ने पूछताछ में चोरी के पूरे नेटवर्क का खुलासा करते हुए बताया कि किस तरह प्लांट के भीतर से करोड़ों रुपए की सामग्री फ्लू डस्ट में छिपाकर बाहर भेजी जाती थी। इधर, डेढ़ महीने बाद भी खनिज विभाग की जांच रिपोर्ट लंबित रहने से मामले में कार्रवाई की रफ्तार और जांच की पारदर्शिता पर सवाल उठने लगे हैं।
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने स्वीकार किया कि वह पिछले चार-पांच महीने से इस रैकेट का हिस्सा था। उसका काम बीएसपी परिसर में भंडारित ऑस्ट्रेलियन कोक को फ्लू डस्ट डंपिंग स्थल तक पहुंचाना था। इसके बाद हाईवा में पहले कोक और लौह स्क्रैप लोड किया जाता और ऊपर से फ्लू डस्ट डाल दी जाती, ताकि सीआईएसएफ और बीएसपी प्रबंधन को इसकी भनक न लगे। आरोपी ने बताया कि उसे प्रत्येक पैकेट लोड करने के बदले 100 रुपए मिलते थे। उसने ट्रांसपोर्टर संजय सिंह तथा गिरीश और हिमांशु खंडेलवाल के निर्देश पर पूरा काम होने की जानकारी भी पुलिस को दी।
इस पूरे मामले का खुलासा सबसे पहले पत्रिका की खोजी पड़ताल से हुआ था। खबर सामने आने के बाद बीएसपी प्रबंधन और प्रशासन हरकत में आया। इसके बाद खनिज विभाग ने जेवरा-सिरसा स्थित आरडीके इंडस्ट्री और गिरीश खंडेलवाल के गोदाम की जांच कर परिसर को सील किया, जहां बड़ी मात्रा में कथित ऑस्ट्रेलियन कोक मिलने की जानकारी सामने आई।
&गिरफ्तार आरोपी की निशानदेही और पूछताछ में कई अहम तथ्य सामने आए हैं। उसने प्लांट के भीतर से ऑस्ट्रेलियन कोक की चोरी किए जाने की पुष्टि की है। मामले में अब तक 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। प्रारंभिक जांच से यह स्पष्ट है कि संगठित गिरोह लंबे समय से बीएसपी की मूल्यवान सामग्री की चोरी कर अवैध आर्थिक लाभ अर्जित कर रहा था। विवेचना अभी जारी है— प्रशांत सिंह पैकरा, छावनी सीएसपी
पुलिस अब तक करीब 90 लाख रुपए का लौह स्क्रैप तथा हाईवा, लोडर, हाइड्रा, जेसीबी सहित लगभग 3.22 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त कर चुकी है। अकलोरडीह स्थित एके ट्रेडर्स और हथखोज औद्योगिक क्षेत्र से भी भारी मात्रा में स्क्रैप बरामद हुआ है। जबकि इधर ऑस्टे्रलियन कोक मामले में खनिज विभाग की जांच रिपोर्ट अब तक पुलिस को नहीं मिली है। संचालक की ओर से केवल फ्लू डस्ट से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत किए गए हैं, जबकि कथित ऑस्ट्रेलियन कोक के वैध दस्तावेज अभी तक उपलब्ध नहीं कराए गए। नमूनों की जांच बिलासपुर रीजनल लैब में जारी है।