
Bilaspur Crime News: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में लूट की एक वारदात ने इलाके में सनसनी फैला दी। कोनी थाना क्षेत्र के मोपका बायपास स्थित रमतला मोड़ के पास बदमाशों ने रास्ता पूछ रहे गुरुघासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के सहायक प्राध्यापक और उनके दोस्त को चाकू की नोक पर लूट लिया। आरोपितों ने दोनों को धमकाकर मोबाइल और नकदी छीन ली। वारदात में कुल 16 हजार 730 रुपये का सामान और नकदी लूटे जाने की बात सामने आई है।
घटना की सूचना मिलते ही कोनी पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन नाबालिग समेत छह आरोपितों को गिरफ्तार किया है। आरोपितों के कब्जे से लूटे गए सामान के साथ वारदात में इस्तेमाल किया गया चाकू भी बरामद किया गया है। पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ बीएनएस की धारा 309(4), 3(5) के तहत अपराध दर्ज किया है।
मिली जानकारी के मुताबिक, सेंदरी स्थित महामाया रेसीडेंसी निवासी बसंत कुमार मैहर (54) गुरुघासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय में सहायक प्राध्यापक हैं। शुक्रवार शाम करीब 7:30 बजे वह अपने दोस्त सुजीत कुमार ठाकुर के साथ मोटरसाइकिल से घूमने निकले थे। दोनों मोपका बायपास की ओर जा रहे थे, इसी दौरान रास्ता भटक गए।
रास्ते में दो युवकों ने उनकी बाइक को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वे दोनों वहां से आगे निकल गए। इसके बाद जब बसंत कुमार और उनके दोस्त रमतला मोड़ के पास पहुंचे तो उन्होंने वहां मौजूद चार युवकों से बिरकोना जाने का रास्ता पूछा।
बताया जा रहा है कि रास्ता पूछने के दौरान ही युवकों ने अचानक सुजीत कुमार को बाइक से खींचकर नीचे गिरा दिया। इसके बाद चारों युवकों ने चाकू निकाल लिया और दोनों को धमकाते हुए लूटपाट शुरू कर दी। बदमाशों ने सुजीत कुमार की जेब से करीब 1,500 रुपये कीमत का की-पैड मोबाइल और 200 रुपये नकद छीन लिया। इसके बाद उन्होंने बसंत कुमार को भी चाकू की नोक पर धमकाया और उनसे करीब 15 हजार रुपये कीमत का सैमसंग मोबाइल तथा 30 रुपये नकद लूट लिए।
वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। अचानक हुई इस घटना से सहायक प्राध्यापक और उनके दोस्त घबरा गए। बाद में उन्होंने पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी।
घटना की सूचना मिलने के बाद कोनी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास पूछताछ करने के साथ ही संदिग्ध युवकों के बारे में जानकारी जुटाई। आसपास के गांवों में भी पुलिस ने सुराग तलाशे। जांच के दौरान पुलिस को आरोपितों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली। इसके आधार पर पुलिस टीम ने बरपाली गांव में दबिश दी और छह आरोपितों को पकड़ लिया।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपितों में राजेश सूर्यवंशी (19) पिता मनहरण सूर्यवंशी, दुर्गेश लोनिया (28) पिता अशोक लोनिया और दुर्गेश लोनिया उर्फ दुर्गा (19) पिता कमलकांत शामिल हैं। तीनों बरपाली गांव, थाना कोनी, जिला बिलासपुर के निवासी बताए गए हैं। इनके अलावा मामले में तीन नाबालिगों को भी अभिरक्षा में लिया गया है। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से लूटे गए मोबाइल और अन्य सामान बरामद करने के साथ ही घटना में इस्तेमाल किया गया चाकू भी जब्त किया है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस वारदात में अन्य किसी व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं। साथ ही आरोपितों से पूछताछ कर उनके आपराधिक रिकॉर्ड और पूर्व की घटनाओं में संलिप्तता के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है।