Akshaye Khanna Birthday: आज अक्षय खन्ना अपना 51वां जन्मदिन मना रहे हैं। उनके जन्मदिन पर धुरंधर के एक्टर दानिश पंडोर एक उनके साथ काम करने के अपने अनुभव शेयर किये हैं और उनके बारे में भी बतया। आइए जानते हैं दानिश पंडोर ने रहमान डैकत (अक्षय खन्ना) के बारे में क्या कहा?
Akshaye Khanna Birthday: पिछले साल दिसंबर में रिलीज हुई 'धुरंधर' में रहमान डकैत के किरदार से बहुत सुर्खियां बटोर चुके दिग्गज अभिनेता अक्षय खन्ना आज 28 मार्च को अपना 51वां जन्मदिन मना रहे हैं। और आज उनके जन्मदिन पर फिल्म में उनके भाई उजैर बलोच की भूमिका में नजर आए दानिश पंडोर ने उनके बारे में बात करते हुए उनके साथ काम करने के अपने एक्सपीरियंस शेयर किए। बता दें कि दानिश पंडोर ने अक्षय खन्ना के साथ साल 2025 की शुरुआत में छावा और अंत में धुरंधर में स्क्रीन शेयर की। उन्होंने बताया कि अक्षय खन्ना से बातचीत के बजाय उन्हें काम करते हुए देखकर बहुत कुछ सीखने को मिला।
इंडिया टीवी को दिए एक इंटरव्यू में दानिश ने अक्षय खन्ना के साथ दूसरी बार काम करने के अपने अनुभव के बारे में बताया था। आइए, 'दिल चाह,ता है', 'हंगामा' 'बॉर्डर' जैसी फिल्मों के एक्टर अक्षय कुमार के बारे में की गई उस बातचीत पर एक नजर डालते हैं।
इंटरव्यू में दानिश पंडोर ने बताया कि उन्होंने अक्षय खन्ना से क्या सीखा, इस पर उन्होंने कहा, "अपने मन की बात अपने तक ही रखो, और कैमरे के सामने अपना सबसे अच्छा परफॉर्म करो।" दानिश ने आदित्य धर की फिल्म में अक्षय के छोटे भाई उजैर बलोच का किरदार निभाया था, जिन्होंने रहमान डकैत का किरदार निभाया था।
इसके आगे दानिश ने बताया, 'अक्षय जिस तरह से बिना किसी दिखावे के किसी सीन को प्रस्तुत करते हैं, वो बहुत प्रभावशाली होता था। उनकी ऐक्टंग में एक तरह की अनिश्चितता है, जो दर्शकों को बिना किसी बनावटीपन के बांधे रखती है।
अक्षय कुमार के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा, 'किसी सीन में लय तोड़ना बहुत ज़रूरी है। आपको उसे लगभग एक बिल्कुल अलग सीन जैसा महसूस कराना होता है - उसमें एक तरह का जादू पैदा करना होता है। अगर मैं अक्षय के साथ एक घंटे की बातचीत कर रहा हूं, तो हमारे लिए वह एक सामान्य बातचीत होती है। लेकिन अगर दर्शक देख रहे हों, तो एक समय के बाद उन्हें लग सकता है कि कोई ध्यान भटकाने वाली चीज नहीं है। तब आपको लय बदलने और दर्शकों को बांधे रखने के लिए कुछ करना पड़ता है। और अक्षय खन्ना में यह एक बहुत ही बड़ी खूबी है। वह लगातार लय तोड़ते रहते हैं। अचानक, आप सोचते रह जाएंगे कि उन्होंने अभी क्या किया? कई सीन ऐसे हैं, जिनमें उनका देखने का तरीका भी, अलग होता है। उन्होंने कहा, वो कभी भी नीरस कुछ नहीं करते।'
उन्होंने धुरंधर के उन पलों की ओर भी इशारा किया जो उनके मन में बस गए, खासकर वो सीन्स जहां अक्षय खामोशी को ही सब कुछ कहने देते हैं। जैसे फिल्म में रैली के सीन के दौरान भी, जब वह मंच पर आते हैं और जमील जमाली से मिलते हैं, तो वह पूरी तरह से हैरान हो जाते हैं। लोग साजिश रच रहे होते हैं, और वह बस मेरी तरफ देखते हैं - वह पल सब कुछ कह देता है।
साल 2025 अक्षय खन्ना के लिए अच्छा रहा। इस साल अक्षय की दो फिल्में 'छावा' और 'धुरंधर' रिलीज हुईं। जहां छावा के औरंगजेब ने क्रूरता की सारी हदें पार कीं, वहीं धुरंधर के रहमान डकैत ने लोगों को खौफजदा किया। एक साल की शुरुआत में विक्की कौशल के साथ 'छावा' जिसमें वो मुगल बादशाह औरंगजेब के किरदार में नजर आये। औरंगजेब की भूमिका में अक्षय इस कदर रम गए कि लोग ये मानने लगे कि असलियत में औरंगजेब ऐसा ही दिखता होगा। फिल्म में जब-जब औरंगजेब की एंट्री होती थी लोग शांत होकर नफरत भरी निगाहों से उनको देखने लगते थे। इतना ही नहीं स्क्रीन पर आने का भी लोग इंतजार करते थे। वहीं, धुरंधर में अक्षय के किरदार रहमान डकैत की हर तरफ चर्चा रही। फिर चाहे वो उनका एंट्री डांस हो या फिर उनका खूंखार किरदार। सोशल मीडिया पर फैंस रहमान डकैत उर्फ अक्षय खन्ना की तारीफ करते नहीं थक रहे थे। औरंगजेब का किरदार हो या रहमान डकैत दोनों किरदार निभाकर अक्षय ने साबित कर दिया कि वो एक बेहतरीन और उम्दा कलाकार हैं।