बूंदी

Rajasthan : 75 करोड़ की लागत से बूंदी जिले में 29 किमी नहर का होगा निर्माण, 44 गांवों के किसानों को मिलेगा फायदा

राजस्थान के बूंदी जिले में 23 वर्षों से अधूरी पड़ी गरड़दा सिंचाई परियोजना को आखिरकार नई रफ्तार मिल गई है। 75 करोड़ रुपये की लागत से 29 किलोमीटर लंबी नहर का निर्माण शुरू होने जा रहा है, जिसका शिलान्यास 4 जून को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे। परियोजना पूरी होने पर 44 गांवों की 9,161 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई का पानी मिलेगा।

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Jun 02, 2026
Bundi Canal
29 किमी बनेगी नहर (फोटो-एआई)

बूंदी। जिले के गरड़दा बांध क्षेत्र के हजारों किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी है। करीब 23 वर्षों से लंबित पड़ी गरड़दा सिंचाई परियोजना अब आखिरकार धरातल पर उतरने जा रही है। लंबे समय से अटके नहर निर्माण कार्य की सभी प्रशासनिक और तकनीकी बाधाएं दूर हो चुकी हैं। इसी कड़ी में 4 जून को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला 75 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली 29 किलोमीटर लंबी नहर के निर्माण कार्य का शिलान्यास करेंगे। परियोजना पूरी होने के बाद क्षेत्र के किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा।

गरड़दा मध्यम सिंचाई परियोजना के तहत बांध के दाएं और बाएं किनारों पर कुल 103 किलोमीटर लंबी नहर प्रणाली विकसित की जानी थी। इनमें से लगभग 73 किलोमीटर नहर का निर्माण पहले ही हो चुका था, लेकिन शेष 29 किलोमीटर हिस्सा वन क्षेत्र में आने के कारण वर्षों तक अटका रहा। वन विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) नहीं मिलने के कारण परियोजना अधूरी रह गई थी। फरवरी में एनओसी जारी होने के बाद नहर निर्माण का रास्ता साफ हो गया और अब कार्य का टेंडर भी पूरा हो चुका है।

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क्षतिग्रस्त नहरों की होगी मरम्मत

परियोजना के दौरान पहले से बनी 73 किलोमीटर नहर का बड़ा हिस्सा भी समय के साथ कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गया था। नई स्वीकृति के तहत न केवल शेष 29 किलोमीटर नहर का निर्माण किया जाएगा, बल्कि क्षतिग्रस्त हिस्सों का पुनर्निर्माण और मरम्मत भी कराई जाएगी। इससे पूरी नहर प्रणाली प्रभावी रूप से संचालित हो सकेगी और किसानों तक पानी पहुंचाने का उद्देश्य पूरा होगा।

44 गांवों की 9161 हेक्टेयर भूमि होगी सिंचित

जल संसाधन विभाग के अनुसार परियोजना पूरी होने के बाद 9,161 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा मिलेगी। इससे 44 गांवों के हजारों किसानों को सीधा लाभ होगा। सिंचाई के लिए नियमित पानी मिलने से फसलों की उत्पादकता बढ़ेगी, कृषि लागत में कमी आएगी और किसानों की आय में भी सुधार होने की उम्मीद है।

पेयजल परियोजना को भी मिलेगा बल

गरड़दा बांध से केवल सिंचाई ही नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों की पेयजल समस्या का समाधान भी किया जाएगा। परियोजना के तहत 111 गांवों और 98 ढाणियों तक पाइपलाइन बिछाकर पेयजल पहुंचाने की योजना पर काम चल रहा है। इसके लिए बांध क्षेत्र में आवश्यक आधारभूत ढांचे का निर्माण किया जा रहा है। परियोजना के पूरा होने के बाद क्षेत्र में सिंचाई और पेयजल दोनों मोर्चों पर बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।

Published on:
02 Jun 2026 06:37 pm