Tech layoffs India: Meta ने 8,000 कर्मचारियों की छंटनी की घोषणा की है जो 20 मई को होगी। नाम तय नहीं हैं जिससे कर्मचारी मेंटल टेंशन में हैं। कंपनी AI पर 135 अरब डॉलर खर्च करने की तैयारी में है।
Meta ने गुरुवार को आधिकारिक तौर पर पुष्टि की कि वह अपने करीब 10 फीसदी कर्मचारियों को यानी लगभग 8,000 लोगों को नौकरी से निकालने जा रहा है। इसके अलावा 6,000 खाली पड़े पदों को भी बंद कर दिया जाएगा, जिन पर कभी भर्ती ही नहीं होगी।
लेकिन अभी भी एक गंभीर सवाल सामने है कि छंटनी की तारीख तो तय हो गई लेकिन वे कौनसे कर्मचारी होंगे जिनको कंपनी से निकाला जाएगा? इसके बारे में कंपनी ने कोई जानकारी नहीं दी है। इससे कई कर्मचारी तनाव में है और अलग-अलग मीडिया प्लेटफोर्म पर अपनी प्रतिक्रियाएं साझा कर रहे हैं।
लेऑफ की जानकारी कंपनी की चीफ पीपल ऑफिसर जेनेल गेल के एक इंटर्नल मेमो से सामने आई। गेल ने खुद माना कि यह प्लान पहले ही लीक हो चुका था, इसलिए उन्होंने इसे आधिकारिक रूप से सामने रखना जरूरी समझा।
जो बात इस छंटनी की सबसे ज्यादा परेशान करने वाली है वह यह है कि तारीख तो बता दी गई लेकिन यह नहीं बताया गया कि किसकी नौकरी जाएगी। अगले चार हफ्ते Meta कर्मचारियों के लिए एक अजीब किस्म की मेंटल टेंशन बन गए हैं। कर्मचारी खुद इसे "28 days of hell" यानी 28 दिनों का नर्क कह रहे हैं। यह बात Business Insider की एक रिपोर्ट में सामने आई, जिसमें अनॉनिमस वर्कप्लेस ऐप Blind पर कर्मचारियों की प्रतिक्रियाएं दर्ज की गई हैं।
Blind पर एक पोस्ट में किसी ने पूछा कि अगले एक महीने तक खुद को काम के लिए कैसे प्रेरित करें जबकि छंटनी तय हो चुकी है। एक जवाब आया "मैं खुद को उन चीजों के लिए काम करने की प्रेरणा दे रहा हूं जो मेरे नए रेज्यूमे में जा सकें।" Business Insider ने यह भी बताया कि Meta के इंटर्नल प्लेटफॉर्म पर कर्मचारियों ने एलिफेंट मीम्स और डार्क ह्यूमर से भरी पोस्ट की, स्टॉक वेस्टिंग और ट्रेवल रिस्ट्रिक्शन को लेकर सवाल उठाए।
एक कर्मचारी ने Business Insider को बताया कि छंटनी की चर्चा इतने समय से चल रही थी लेकिन कोई आधिकारिक पुष्टी नहीं होने से यह सब अफवाहों जैसा लग रहा था। अब सब छंटनी की बात तो स्पष्ट हो गई लेकिन अब समस्या यह है कि किसको निकाला जाएगा? इसी चिंता को लेकर एक अन्य कर्मचारी ने बाताया कि कई लोगों पर अब ज्यादा अच्छा काम करने का दबाव आ गया है ताकि उनको जॉब से न निकाला जाए।
Meta ने इस साल 115 अरब डॉलर से लेकर 135 अरब डॉलर तक का कैपिटल एक्सपेंडिचर करने की तैयारी में है। पिछले साल यह आंकड़ा 72 अरब डॉलर था। इस बजट का बड़ा हिस्सा AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए रखा गया है। Mark Zuckerberg ने अब AI को कंपनी की सबसे बड़ी प्राथमिकता दी है। OpenAI और Google से मुकाबले में Meta पिछड़ना नहीं चाहता और यही रणनीति इस छंटनी की असली वजह है।
Meta इस छंटनी के बाद अमेरिका में जिन कर्मचारियों की नौकरी जाएगी, उन्हें 16 हफ्तों की बेस सैलरी दी जाएगी। इसके अलावा हर साल की सेवा के बदले दो अतिरिक्त हफ्तों का वेतन और 18 महीने का COBRA हेल्थ कवरेज भी मिलेगा। लेकिन मेटा के कुछ कर्मचारियों के लिए यह नई बात नहीं है क्योंकि इससे पहले भी गुजर चुके हैं।