
हरदोई. राज्यसभा चुनाव में बीजेपी के 9वें प्रत्याशी को जिताने वाले सपा विधायक नितिन अग्रवाल को भाजपा रिटर्न गिफ्ट देने की तैयारी में है। यूपी के सियासी गलियारों में चर्चा तेज है कि नरेश अग्रवाल के बेटे व हरदोई सदर से विधायक नितिन अग्रवाल को योगी मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। गौरतलब है कि राज्यसभा चुनाव के दौरान सपा विधायक नितिन अग्रवाल ने न केवल क्रॉस वोटिंग की थी, बल्कि वह समर्थकों संग भाजपा में भी शामिल हो गये थे। इससे पहले राज्यसभा का टिकट न मिलने से नाराज उनके पिता नरेश अग्रवाल ने जया बच्चन को टिकट पर आपत्ति जताते हुए अखिलेश यादव का साथ छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गये थे।
जानकारों की मानें तो जल्द ही उत्तर प्रदेश में योगी सरकार के मंत्रिमंडल में बड़ा फेरबदल देखने को मिल सकता है। इसमें जहां कुछ पुराने मंत्रियों की छुट्टी हो सकती है, वहीं नये लोगों को मौका मिल सकता है। इसके अलावा बीजेपी नितिन अग्रवाल को भी पार्टी में शामिल कर बड़ा रिटर्न गिफ्ट दे सकती है। यूपी की योगी सरकार बागी विधायकों पर मेहरबान भी है, बागियों को वाई श्रेणी की सुरक्षा देकर यूपी सरकार कुछ ऐसा ही संदेश दे भी चुकी है। गौरतलब है कि राज्यसभा चुनाव में बीजेपी के फेवर में क्रॉस वोटिंग करने वाले सपा के बागी विधायक नितिन अग्रवाल और उन्नाव के पुरवा से बसपा विधायक अनिल सिंह को सरकार ने वाई श्रेणी की सुरक्षा-व्यवस्था मुहैया कराई गई है। बागी विधायकों के अलावा बीजेपी ने मल्लावां से अपने विधायक आशू सिंह को भी वाई श्रेणी की सुरक्षा प्रदान की है।
सुनील बंसल संग हो चुकी है मीटिंग
सियासी गलियारों में चर्चा है कि भाजपा की सदस्यता ग्रहण करने के बाद पहली बार हरदोई पहुंचे सदर विधायक नितिन को प्रदेश संगठन महामंत्री सुनील बंसल ने बैठक के लिए लखनऊ बुलाया था। बैठक में नितिन अग्रवाल को मंत्रिमंडल में जगह देने पर भी चर्चा हुई है। ऐसे में अटकलें तेज हैं कि हाल ही में योगी सरकार के होने वाले मंत्रिमंडल फेरबदल में नितिन अग्रवाल को मंत्री पद दिया जा सकता है। नितिन अग्रवाल को मंत्रिमंडल में शामिल करने की अटकलें और उन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा दिये जाने पर समर्थकों में खुशी की लहर है।
बीजेपी डॉ. अशोक वाजपेयी को चुकी है रिटर्न गिफ्ट
छह महीने पहले एमएलसी का पद और समाजवादी पार्टी छोड़कर भाजपा ज्वॉइन करने वाले डॉ. अशोक वाजपेयी को बीजेपी ने राज्यसभा भेज कर उन्हें रिटर्न गिफ्ट दे चुकी है। डॉ. अशोक वाजपेयी को उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़ा नाम हैं। डॉ. वाजपेयी को नरेश अग्रवाल का राजनीतिक विरोधी माना जाता है।