स्वास्थ्य

Milk Myths Busted : दूध के बारे में 4 सबसे बड़े झूठ! क्या आप जानते हैं

Is milk really healthy : जानिए दूध के बारे में वो सच्चाई जो अब तक छिपी रही क्या दूध वाकई जरूरी है? लो-फैट दूध, प्लांट-मिल्क और लैक्टोज से जुड़े मिथकों की सच्चाई यहां पढ़ें।
2 min read
Oct 22, 2025
Milk Myths Busted
Milk Myths Busted : दूध के बारे में 4 सबसे बड़े झूठ और सच्चाई (फोटो सोर्स: AI image@Gemini)

Milk Myths Busted : हमारे बचपन से ही घर और स्कूल में यही सिखाया जाता रहा है कि दूध पीना तो हड्डियों के लिए जरूरी है। मानो दूध नहीं पिया तो हड्डियां टूट जाएंगी, लेकिन क्या यह सच है? डेयरी उत्पाद हमारी डाइट का एक बड़ा हिस्सा है, लेकिन इसके स्वास्थ्य प्रभावों के बारे में मिथक अब भी मौजूद हैं। यहां कुछ आम मिथक दिए गए हैं। और जानिए विज्ञान इस बारे में क्या कहता है।

मिथक 1 दूध, स्वस्थ आहार का एक अनिवार्य हिस्सा

हाल ही में हुए कई वैज्ञानिक शोध इस धारणा को चुनौती दे रहे हैं। 2022 में हुए एक बड़े अध्ययन की समीक्षा (Review) में पाया गया कि दूध का अधिक सेवन करने वालों और कम सेवन करने वालों में हड्डियों के टूटने का खतरा (Fracture Risk) लगभग एक जैसा ही था। इसका मतलब यह है कि दूध हड्डियों को मजबूती देने का एकमात्र या सबसे अच्छा तरीका नहीं है।

दूध में प्रमुख पोषक तत्व (प्रोटीन, विटामिन B12, कैल्शियम) पत्तेदार साग, लीन प्रोटीन, हड्डीदार मछली से भी प्राप्त किए जा सकते हैं।

मिथक 2: लो-फैट दूध ही सेहत का सच्चा साथी है

लंबे समय से यह माना जाता रहा है कि अगर फिट रहना है, तो फुल क्रीम दूध छोड़ो और टोंड या स्किम्ड (Low-Fat) दूध पियो। लेकिन विज्ञान की दुनिया में यह बहस अब खत्म हो रही है। 2023 की समीक्षा में एक प्रकार के डेयरी उत्पाद को दूसरे पर अनुशंसित करने का कोई कारण नहीं पाया गया। हालांकि पूरे दूध में संतृप्त वसा होती है - लगभग 4.5 ग्राम प्रति गिलास - फिर भी यह 20-30 ग्राम की दैनिक अनुशंसित सीमा के भीतर है। इसलिए, जब तक आप दिन में तीन या चार गिलास नहीं पीते, तब तक चिंता की कोई बात नहीं है।

मिथक 3: प्लांट-बेस्ड मिल्क गाय के दूध से ज्यादा पौष्टिक होता है

जब से वीगन (Vegan) डाइट का चलन बढ़ा है, बादाम (Almond), सोया (Soy) और ओट (Oat) मिल्क खूब लोकप्रिय हुए हैं। बहुत से लोग मानते हैं कि ये गाय के दूध से ज्यादा हेल्दी हैं।

सोयाबीन, बादाम या ओट्स से बने दूध में हमेशा वे विटामिन और खनिज नहीं होते जो गाय के दूध से मिलते हैं। कुछ लोग इसमें चीनी और सोडियम भी मिलाते हैं, जो गाय के दूध में नहीं होते। इसके अलावा अध्ययनों में पाया गया है कि वनस्पति दूध में पाया जाने वाला प्रोटीन पूर्ण नहीं होता, यानी इसमें वे 9 जरूरी अमीनो एसिड नहीं होते जो गाय के दूध में मिलते हैं।

मिथक 4: लैक्टोज इन्टॉलरेंस वाले डेयरी उत्पादों से पूरी तरह बचें

लैक्टोज, डेयरी उत्पादों में पाया जाने वाला एक प्राकृतिक शुगर है, जो उन लोगों द्वारा आसानी से पच नहीं पाता जिनके शरीर में लैक्टेज नामक एंजाइम पर्याप्त मात्रा में नहीं होता, जिससे पेट फूलना और दस्त की समस्या होती है। लेकिन सभी डेयरी उत्पाद एक जैसे नहीं होते। कुछ उत्पादों, जैसे मक्खन, हार्ड चीज, दही और खट्टी क्रीम, में बहुत कम लैक्टोज होता है और आमतौर पर कोई समस्या नहीं होती। लैक्टेज एंजाइम सप्लीमेंट या लैक्टोज-मुक्त विकल्प भी उपलब्ध हैं।

दूध अच्छा है — लेकिन जरूरी नहीं कि हर किसी के लिए और हर रूप में।
संतुलन, अपनी सेहत और शरीर की जरूरत को समझकर ही दूध का सेवन करें।

Updated on:
22 Oct 2025 01:02 pm
Published on:
22 Oct 2025 01:02 pm