
Knock Knees Cause: आपने अक्सर अपने आस-पास या राह चलते कुछ लोगों को देखा होगा जो जब चलते या दौड़ते हैं, तो उनके दोनों घुटने अंदर की तरफ एक-दूसरे से टकराते हैं। कई बार तो चलते-चलते पैर आपस में ऐसे उलझ जाते हैं कि वह गिरते-गिरते बचता है, इसे सिर्फ चलने का एक अजीब तरीका मानकर छोड़ देने की भूल करना गलत है।
क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, इसे नॉक नीज (जेनु वल्गम) कहा जाता है। एनएचएस का कहना है कि छोटे बच्चों में एक उम्र तक यह होना आम बात है, लेकिन अगर बड़े होने पर भी यह दिक्कत बनी रहे, तो आगे चलकर जोड़ों में भयंकर दर्द और चलने-फिरने में बड़ी आफत आ सकती है।
जब हमारा शरीर बिल्कुल नॉर्मल होता है, तो सीधे खड़े होने पर हमारे घुटने और नीचे के पैर एक सीध में होते हैं। लेकिन नॉक नीज की दिक्कत में पैर सीधे रहने के बजाय अंदर की तरफ झुक जाते हैं। जब इस समस्या से परेशान कोई भी व्यक्ति दोनों पैरों को सटाकर सीधा खड़ा होने की कोशिश करता है, तो उसके घुटने तो आपस में पूरी तरह जुड़ जाते हैं, लेकिन नीचे टखनों (Ankles) के बीच में 3 इंच या उससे ज्यादा का बड़ा गैप बन जाता है। इसी टेढ़ी बनावट के कारण जब इंसान कदम आगे बढ़ाता है, तो घुटने आपस में बार-बार टकराने या लड़ने लगते हैं।
छोटे बच्चों में (2 से 4 साल की उम्र तक) घुटनों का थोड़ा अंदर झुका होना बिल्कुल नॉर्मल है, क्योंकि बड़े होने के साथ उनके पैर अपने आप सीधे हो जाते हैं। लेकिन अगर यह समस्या बड़ों में बनी हुई है, तो इसकी कुछ मुख्य वजहें हो सकती हैं;
अगर किसी बड़े इंसान को चलते समय घुटनों में तेज दर्द हो रहा हो या चलने-फिरने में बैलेंस बनाने में दिक्कत आ रही हो, तो तुरंत हड्डियों के डॉक्टर (आर्थोपेडिक) को दिखाना चाहिए। डॉक्टर एक्स-रे करके पैरों की हड्डियों का सही एंगल चेक करते हैं। जहां तक इलाज की बात है, बच्चों में तो इसे सही खान-पान, जरूरी दवाओं और पैर में पहनने वाले खास ब्रेसिस (सपोर्ट) की मदद से ठीक किया जा सकता है। बड़ों के मामले में पैरों की इस बनावट को मामूली समझकर टालें नहीं, समय पर डॉक्टर को दिखाएं।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।