स्वास्थ्य

Shigella Infection: केरल में शिगेला बैक्टीरिया के 19 नए मामले, क्लीवलैंड क्लिनिक और मेयो क्लिनिक से समझें क्या होता है शिगेलोसिस

Shigella Infection Cause: केरल में शिगेला बैक्टीरिया के 19 नए मामलें सामने आए हैं। क्लीवलैंड क्लिनिक से समझिए क्या है शिगेला बैक्टीरिया और यह कैसे फैलता है और कब जब मरीज को तुरंत अस्पताल ले जाना चाहिए।

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Jun 19, 2026
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शिगेला एक संक्रामक बैक्टीरिया है, जो इंसान के पेट और आंतों पर हमला करता है- प्रतीकात्मक तस्वीर (Source- Freepik)

Shigella Infection Symptoms: केरल से एक बार फिर सेहत को लेकर चिंता बढ़ाने वाली खबर सामने आ रही है। पीटीआई के अनुसार, केरल में गुरुवार को शिगेला संक्रमण के 19 नए मामले सामने आए और राज्य में इस महीने कुल मामलों की संख्या 110 हो गई है। आइए क्लीवलैंड क्लिनिक और मेयो क्लिनिक की रिसर्च से जानते हैं कि यह शिगेला संक्रमण क्या है इसके कारण और लक्षण क्या होते हैं और ये कैसे फैलता है?

क्या होता है शिगेला इन्फेक्शन?

क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, शिगेला एक संक्रामक (फैलने वाला) बैक्टीरिया है, जो इंसान के पेट और आंतों पर हमला करता है। इसकी वजह से होने वाली बीमारी को शिगेलोसिस (Shigellosis) कहा जाता है। यह बीमारी इतनी संक्रामक है कि बहुत कम मात्रा में भी यह बैक्टीरिया शरीर के अंदर चला जाए, तो इंसान को गंभीर रूप से बीमार कर सकता है।

शिगेलोसिस (Shigellosis) कैसे फैलती है?

  • दूषित पानी और खाना।
  • हाथ साफ न होना।
  • संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आना।

शिगेला इन्फेक्शन के लक्षण कब और क्या दिखते हैं?

मेयो क्लिनिक के अनुसार, इस बैक्टीरिया के संपर्क में आने के 1 से 2 दिन के भीतर लक्षण दिखने शुरू हो जाते हैं। हालांकि, कुछ मामलों में लक्षण दिखने में एक हफ्ता भी लग सकता है। इसके मुख्य लक्षण ये हैं;

  • लगातार दस्त होना।
  • पेट में तेज मरोड़ होना।
  • बार-बार टॉयलेट जाना।
  • तेज बुखार और उल्टी।

डॉक्टर के पास तुरंत कब जाना चाहिए?

  • दस्त में खून आना।
  • 102 डिग्री से ज्यादा बुखार।
  • लगातार उल्टियां होना।
  • शरीर में पानी की भारी कमी (Dehydration) होना।
  • अचानक वजन गिरना।

खुद को कैसे बचाएं?

शिगेला से बचने के लिए बस हमें अपनी रोजमर्रा की कुछ आदतों में सुधार करना होगा। जैसे कि खाना खाने से पहले, खाना बनाने से पहले और टॉयलेट जाने के बाद हाथों को साबुन और पानी से कम से कम 20 सेकंड तक अच्छी तरह धोएं। पानी को हमेशा उबालकर या फिल्टर करके ही पीएं। बाहर के खुले पानी से बचें। बासी या खुले हुए भोजन से दूर रहें। फल और सब्जियों को इस्तेमाल करने से पहले साफ पानी से अच्छी तरह धोएं। अगर घर में किसी को भी खून वाले दस्त या तेज बुखार हो, तो खुद डॉक्टर बनने के बजाय तुरंत नजदीकी अस्पताल जाएं।

डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

Published on:
19 Jun 2026 04:53 pm