
ब्रेन प्रेशर बढ़ जाए तो क्या होता है- प्रतीकात्मक तस्वीर (Source- Freepik)
Intracranial Hypertension Symptoms: क्या आपको अक्सर सिर में ऐसा दर्द महसूस होता है जैसे दिमाग के अंदर बहुत ज्यादा दबाव बन रहा हो? या सुबह उठते ही सिर में भयंकर भारीपन और धुंधला दिखाई देने लगता है? तो इसे हल्के में बिल्कुल न लें। यह इंट्राक्रैनियल हाइपरटेंशन (Intracranial Hypertension) यानी दिमाग के अंदर बढ़ा हुआ प्रेशर हो सकता है। ब्रिटेन की राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा (NHS) के अनुसार, हमारी खोपड़ी (Skull) के अंदर दिमाग, खून और एक खास तरह का पानी होता है जिसे सेरेब्रोस्पाइनल फ्लूइड (CSF) कहते हैं। जब किसी वजह से खोपड़ी के अंदर यह तरल पदार्थ बहुत ज्यादा बढ़ जाता है, तो दिमाग पर भारी दबाव बनने लगता है। इसी स्थिति को बढ़ा हुआ ब्रेन प्रेशर या इंट्राक्रैनियल हाइपरटेंशन कहते हैं। आइए समझते हैं कि यह बीमारी क्या है, इसके संकेत क्या हैं और यह कितनी गंभीर हो सकती है।
क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, हमारी खोपड़ी हड्डियों का बना एक बंद ढांचा है, जिसके अंदर जगह बिल्कुल फिक्स होती है। जब दिमाग के आसपास तरल पदार्थ (CSF) का संतुलन बिगड़ जाता है यानी यह पानी ज्यादा बनने लगता है, ठीक से बह नहीं पाता या सोखा नहीं जाता तो खोपड़ी के अंदर प्रेशर बहुत तेजी से बढ़ने लगता है।
1.आइडियोपैथिक इंट्राक्रैनियल हाइपरटेंशन (Idiopathic Intracranial Hypertension)- जब बिना किसी ट्यूमर या बड़ी बीमारी के अपने आप दिमाग का प्रेशर बढ़ जाता है। आइडियोपैथिक का मतलब ही है कि इसका कोई एक निश्चित कारण स्पष्ट नहीं है।
2. सेकेंडरी इंट्राक्रैनियल हाइपरटेंशन (Secondary Intracranial Hypertension)- जब किसी दूसरी समस्या जैसे सिर की चोट, ब्रेन ट्यूमर, दिमागी इंफेक्शन (मेनिन्जाइटिस) या खून का थक्का (Blood Clot) जमने के कारण प्रेशर बढ़ता है।
क्लीवलैंड क्लिनिक और NHS के मुताबिक, अगर दिमाग का प्रेशर बढ़ रहा है तो हमारा शरीर कई तरह की चेतावनी देता है। इन्हें पहचानना बेहद जरूरी है;
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
Published on:
10 Aug 2026 10:10 am
