उद्योग जगत

सेरीडॉन समेत 328 दवाएं बैन, सरकार ने उठाया बड़ा कदम

स्वास्थ्य मंत्रालय 327 से अधिक दवाओं पर बैन हो गई हैं। जिनमें सिरदर्द, बदन दर्द, जुकाम और बुखार जैसी दवाएं भी शामिल है।

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सरकार ने बैन की सिरदर्द,जुकाम के लिए इस्तेमाल होने वाली 6000 से अधिक दवाएं

नई दिल्ली। सर्दी, जुकाम, बुखार में फटाफट आराम देने वाली दवाओं जैसे सेरीडॉन समेत कई दवाओं पर सरकार ने प्रतिबंध लगा दिया है। स्वास्थ्य मंत्रालय ऐसी कुल 327 दवाओं को बैन कर दिया है। ये ऐसी दवाएं है जो लोग हमेशा ही अपने घर में इस्तेमाल करने के लिए रखते है। क्योंकि अक्सर इनका इस्तेमाल मामूली बीमारी के लिए किया जाता है।

6000 से ज्यादा ब्रांड्स पर होगा असर

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सरकार के इस बैन से करीब 6000 से ज्यादा ब्रांड्स पर असर पड़ेगा। जिनमें सैरीडॉन, डीकोल्ड, फेंसिडिल,जिंटाप जैसी दवाएं शामिल हैं। माना जा रहा है कि इस बैन के बाद इन कंपनियों के सेहत पर काफी असर होगा। क्योंकि ये दवाएं घर घर में इस्तेमाल होता है।

इसलिए सरकार ने उठाया कदम
बताया जा रहा है कि दवा बनाने वाली कंपनियों ने 327 फिक्स डोज़ कॉम्बिनेशन वाली दवाओं के प्रभाव और दुष्प्रभाव का अध्ययन किए बिना ही इन दवाइयों को बाजार में उतार दिया था, जिससे स्वास्थ्य मंत्रालय नाराज था। इस कदम से सन फार्मा, सिप्ला, वॉकहार्ट और फाइजर जैसी कई फार्मा कंपनियों को तगड़ा झटका लगा है। इस बैन से 3-4 हजार करोड़ रुपए के दवा कारोबार पर असर पड़ेगा।

बिक्री होगी गैरकानूनी
डीएटीबी ने यह सिफारिशें सुप्रीम कोर्ट के पिछले साल दिए गए आदेश पर दी हैं। अब सरकार ने इसे बैन करने की अधिसूचना जारी कर दी है। हालांकि लग रहा है कि कई कंपनियां सरकार के इस आदेश को कोर्ट में भी चुनौती दे सकती हैं। इन 327 दवाओं पर प्रतिबंध लगाने के बाद मेडिकल स्टोर पर इनकी बिक्री गैरकानूनी होगी। अगर किसी मेडिकल स्टोर पर यह दवाएं बिक्री होते हुए पाएं गई तो फिर दवा निरीक्षक अपनी तरफ से उक्त मेडिकल स्टोर संचालक के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करा सकता है।

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Updated on:
15 Sept 2018 03:21 pm
Published on:
12 Sept 2018 12:48 pm
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