जयपुर

केंद्रीय मंत्री अठावले बोले: मराठी प्रेम के नाम पर दादागिरी ठीक नहीं, जानिए बाला साहेब ठाकरे पर क्या बोले

महाराष्ट्र में मराठी भाषा के प्रेम के नाम पर दादागिरी ठीक नहीं है। इसका जवाब दादागिरी से दिया सकता है लेकिन उससे माहौल खराब हो जाएगा। महाराष्ट्र में मराठी- हिंदी भाषा विवाद पर अब रिपब्लिक पार्टी ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने जयपुर में ये बयान दिया है।

3 min read
Jul 17, 2025
केंद्रीय मंत्री एंव आरपीआइ चीफ रामदास अठावले, पत्रिका फोटो

Jaipur: महाराष्ट्र में मराठी भाषा के प्रेम के नाम पर दादागिरी ठीक नहीं है। इसका जवाब दादागिरी से दिया सकता है लेकिन उससे माहौल खराब हो जाएगा। महाराष्ट्र में मराठी- हिंदी भाषा विवाद पर अब रिपब्लिक पार्टी ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने जयपुर में ये बयान दिया है। उन्होने कहा कि महाराष्ट्र में उद्धव और राज दोनों बाला साहेब ठाकरे की विचारधारा के खिलाफ काम कर रहे हैं, जिनका महाराष्ट्र सरकार अच्छे से इलाज करेगी।

ये भी पढ़ें

कन्हैयालाल के परिवार को कब मिलेगा न्याय? अशोक गहलोत ने अमित शाह पर साधा निशान, बोले- आज जयपुर में प्रदेश की जनता को दें जवाब

उद्धव- राज ठाकरे बाला साहेब की विचारधारा के खिलाफ

अठावले ने कहा कि बाला साहेब ठाकरे ने जब शिवसेना की स्थापना की थी। तो उनका उद्देश्य था कि मराठी लोगों को न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने गुजरती विंग, उत्तर भारत विंग और साउथ इंडिया जैसी अलग- अलग विंग बनाई थी। तब सब लोग उनके साथ काम कर रहे थे। लेकिन उद्धव और राज ठाकरे जो काम कर रहे हैं, वो बाला साहेब ठाकरे की विचारधारा के खिलाफ है।

दादागिरी कर थप्पड़ मारना उचित नहीं

बुधवार को केंद्रीय मंत्री अठावले ने जयपुर में मीडिया से बातचीत में कहा कि मराठी आनी चाहिए, यहां तक तो ठीक है, लेकिन दादागिरी कर किसी को थप्पड़ मार देना यह अच्छी बात नहीं है। हमारी सरकार ऐसा नहीं चलने देगी। महाराष्ट्र में 60 फीसदी लोग दूसरे राज्यों के हैं, जबकि 40 फीसदी ही मराठी हैं। जो 60 फीसदी लोग हैं, उनमें से भी 40 फीसदी से अधिक लोग अच्छे से मराठी बोल सकते हैं।
मराठी प्रेम के नाम पर दादागिरी करना ठीक नहीं है। हम भी दादागिरी का जवाब दादागिरी से दे सकते हैं। लेकिन हम मुंबई को शांत रखना चाहते हैं। फडणवीस सरकार पूरी तरह से सक्षम है, जो भी दादागिरी करेगा। उसे सबक सिखाया जाएगा।

कांग्रेस ने लोगों में फैलाया भ्रम

लोकसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी ने मतदाताओं को संविधान की प्रति दिखाकर भ्रमित किया कि बीजेपी के लोग संविधान को बदल देंगे। डॉ. अंबेडकर के संविधान को कोई नहीं बदल सकता है। लेकिन कांग्रेस ने भ्रम फैलाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस दशकों तक सत्ता में रही है। लेकिन कभी किसी ने उन्हें इतनी कड़ी टक्कर नहीं दी। पहली बार 2014 में नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस के भ्रष्टाचार का मामला उठाते हुए प्रचंड बहुमत की सरकार बनाई थी।

2029 तक मोदी को रहना चाहिए पीएम

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के 75 साल के बयान को लेकर केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कहा कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ही तीसरी बार भाजपा की सरकार बनी है। नरेंद्र मोदी अच्छा काम कर रहे हैं। हमारा देश दुनिया की चौथी अर्थव्यवस्था बनने वाला है। पिछले 10 सालों में 25 करोड़ से ज्यादा लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं। उन्होंने कहा कि 75 साल की उम्र में रिटायरमेंट होना ठीक है। लेकिन हम एनडीए के घटक दल हैं, हमारी मंशा है कि 2029 तक नरेंद्र मोदी को ही प्रधानमंत्री रहना चाहिए।

बिहार में रह रहे बांग्लादेशी

अठावले ने बिहार चुनाव आयोग की और से वोटर्स की जांच का समर्थन करते हुए कहा कि चुनाव आयोग और बीजेपी का कोई संबंध नहीं है। चुनाव आयोग एक स्वतंत्र इकाई है, लेकिन वहां पर बांग्लादेश के लोगों का वोटर आईडी कार्ड बनवाने का संदेह है। इसलिए चुनाव आयोग जो भी मतदाता है, उसका जन्म प्रमाण पत्र मांग रहा है। जिसका जन्म बांग्लादेश में हुआ होगा तो उसको वोटिंग का अधिकार कैसे मिल सकता है।

ये भी पढ़ें

Rajasthan Politics: भाजपा प्रदेश प्रभारी की पूर्व पीएम मनमोहन सिंह पर टिप्पणी से गरमाई सियासत, कांग्रेस ने किया तीखा पलटवार

Published on:
17 Jul 2025 02:01 pm
Also Read
View All

अगली खबर