
Illicit liquor: जशपुरनगर जिले में चल रहे ‘ऑपरेशन आघात’ के तहत जशपुर पुलिस ने फिर एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने सिटी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम आगडीह के पास नेशनल हाइवे 43 पर नाकेबंदी के दौरान 426 कार्टून में भरी 6300 बोतलों (3825 लीटर) अंग्रेजी शराब से लदा ट्रक पकड़ा है। पुलिस ने ट्रक समेत दो तस्करों को गिरफ्तार कर लिया है।
जब्त शराब की बाजार कीमत 22 लाख रुपए से अधिक आंकी गई है, जबकि तस्करी में प्रयुक्त ट्रक क्रमांक आरजे -09 जी ई-0124 की कीमत लगभग 12 लाख रुपए बताई जा रही है। इस मामले में जशपुर पुलिस ने रणवीर सिंह (42 वर्ष), निवासी ग्राम कांग, गोविंदलाल साहिब, तरनतारन (पंजाब), जगदीप सिंह (30 वर्ष), निवासी मानुचर, चौकी चमकी नगर, तरनतारन (पंजाब) दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस को 7 अक्टूबर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि पंजाब-हरियाणा से अवैध अंग्रेजी शराब से भरा एक ट्रक जशपुर होते हुए रांची और वहां से बिहार ले जाया जा रहा है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देश पर सिटी कोतवाली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आगडीह के पास नेशनल हाइवे 43 पर नाकेबंदी की। इस दौरान आरजे-09-जी ई -0124 नंबर का संदिग्ध ट्रक आता दिखाई दिया, जिसे पुलिस ने रोककर तलाशी ली।
ट्रक की ट्रॉली में भूसी की बोरियों के नीचे 426 कार्टून में अंग्रेजी शराब छिपाई गई थी। पुलिस ने मौके पर ही ट्रक सहित शराब और दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी सिटी कोतवाली आशीष कुमार तिवारी, सहायक उपनिरीक्षक मनोज भगत, प्रधान आरक्षक भोला सिंह राठौर, आरक्षक उपेन्द्र सिंह, राम प्रताप यादव, प्रवीण तिर्की, अभय तिर्की, रवि राम, और नगर सैनिक थानेश्वर देशमुख की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी रणवीर सिंह ने बताया कि उसे हरियाणा के रोहतक से ट्रक रांची तक पहुंचाने के लिए 50 हजार रुपए दिए गए थे। उसने दावा किया कि उसे यह नहीं पता था कि ट्रक में शराब लदी हुई है। पुलिस को संदेह है कि यह मामला अंतरराज्यीय शराब तस्कर गिरोह से जुड़ा हुआ है, जो पंजाब, हरियाणा से शराब लाकर बिहार भेजने का नेटवर्क संचालित करता है।
पुलिस की जांच में सामने आया है कि गिरोह के सरगना बेहद चालाकी से काम कर रहे हैं। वे ड्राइवरों को लालच देकर केवल सीमित दूरी तक ट्रक चलाने को कहते हैं। हर चरण में ट्रक किसी नए व्यक्ति को सौंपा जाता है ताकि मुख्य तस्कर की पहचान छिपी रहे और ड्राइवरों को यह पता न चले कि ट्रक कहां से माल लेकर कहां जा रहा है। इसी रणनीति के चलते अब तक यह तस्कर कई राज्यों की सीमाएं पार करने में सफल हो रहे थे। वर्तमान प्रकरण में भी ट्रक रोहतक (हरियाणा) से ग्वालियर (मध्यप्रदेश) फिर अंबिकापुर होते हुए जशपुर और रांची (झारखंड) तक पहुंचाया जा रहा था, लेकिन जशपुर पुलिस की सतर्कता से ट्रक को आगडीह के पास ही पकड़ लिया गया।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया कि जशपुर पुलिस ने सिटी कोतवाली क्षेत्र में अवैध अंग्रेजी शराब की तस्करी करते ट्रक को पकड़ा है। दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इसी तरह के तीन प्रकरणों में पहले भी ट्रक पकड़े जा चुके हैं। पुलिस की एंड टू एंड इन्वेस्टिगेशन जारी है। हमें गिरोह से जुड़े कुछ अहम सुराग मिले हैं, जल्द ही बड़े खुलासे किए जाएंगे।
Illicit liquor: जशपुर पुलिस ने वर्ष 2025 में अब तक शराब तस्करी के चार बड़े प्रकरणों का खुलासा किया है। इन सभी में पंजाब व हरियाणा से बिहार भेजी जा रही अवैध अंग्रेजी शराब पकड़ी गई है। सभी चार प्रकरणों को मिलाकर पुलिस अब तक 2734 कार्टून में कुल 24,440 लीटर शराब जब्त कर चुकी है, जिसकी कीमत दो करोड़ रुपए से अधिक है।