कोटा

JEE 2018ः सबसे ज्यादा टॉपर देने वाले इस शहर में नहीं बना एग्जाम सेंटर, हुआ चौतरफा विरोध

जेईई मेन्स और एडवांस का एग्जाम शिड्यूल जारी होते ही देश को सबसे ज्यादा टॉपर देने वाले शहर में सीबीएसई का विरोध शुरू हो गया है।

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Oct 25, 2017
CBSE did not make JEE exam center at Kota

सीबीएसई ने देश की सबसे प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा जेईई मेन्स और एडवांस का एग्जाम शिड्यूल घोषित कर दिया है। दिसम्बर 2017 में आवेदन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। 8 अप्रेल 2018 को जेईई मेन्स और 20 मई 2018 को जेईई एडवांस का एग्जाम होगा, लेकिन आईआईटी को सबसे ज्यादा टॉपर देने वाले कोटा में इस बार जेईई का एग्जाम सेंटर नहीं बनाया गया है। जेईई मेन्स 2017 में कोटा को परीक्षा केन्द्र बनाया गया था, लेकिन एडवांस्ड के लिए हजारों विद्यार्थियों को बाहर जाना पड़ा। जेईई 2018 में परीक्षा केन्द्र के मामले में कोटा उपेक्षित न रहे, इसके लिए मांग फिर उठने लगी है। 'राजस्थान पत्रिका' ने इस मुद्दे को लेकर कोचिंग संचालकों से बात की तो सभी ने एक स्वर में कोटा को परीक्षा केन्द्र बनाने पर जोर दिया।

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शिक्षा नगरी से नाइंसाफी पर उठे सवाल

बंसल क्लासेस के वाइस प्रेसिडेंट अखिलेश तिवारी ने बताया कि एजुकेशन हब कोटा की उपेक्षा गलत है। हर साल यहां से टॉपर्स आते हैं। इस बार ऑनलाइन सिस्टम होने के कारण स्थानीय स्तर पर विद्यार्थियों को सेंटर खोलने का लाभ मिलना चाहिए। जबकि कॅरिअर पाइंट अकादमिक निदेशक शैलेन्द्र माहेश्वरी ने बताया कि कोटा में जेईई के ऑनलाइन व ऑफ लाइन सेंटर होते हैं, लेकिन 2017 तक जेईई एडवांस्ड का सेंटर नहीं रहा। अब 2018 में जेईई एडवांस्ड ऑनलाइन मोड में होने से कोटा में भी परीक्षा केन्द्र खुलना चाहिए। वहीं रेजोनेंस के प्रबंध निदेशक आर.के. वर्मा ने कहा कि कोटा में जेईई एडवांस्ड परीक्षा का सेंटर खुलना चाहिए, ताकि विद्यार्थियों पर भार नहीं पड़े। पढ़ाई भी प्रभावित होती है। एलन कॅरियर इंस्टीट्यूट के निदेशक बृजेश माहेश्वरी ने बताया कि हर साल टॉप टेन में कोटा के स्टूडेंट्स जगह बना रहे हैं। जेईई एडवांस्ड का सेंटर नहीं खुलने से हजारों विद्यार्थियों को आर्थिक व मानसिक परेशानी के दौर से गुजरना पड़ता है।

24,323 से अधिक सीटों के लिए परीक्षा

जेईई-मेन की स्कोर के आधार पर देश के 31 एनआईटी, 24 ट्रिपल आईटी, 21 गवर्नमेंट वित्त पोषित संस्थानों की 24,323 सीटों पर प्रवेश दिए जाएंगे। जेईई-मेन्स 2018 का पेपर-1 ऑनलाइन व ऑफ लाइन दोनों मोड में होगा। जबकि बीआर्क के लिए पेपर-2 केवल ऑनलाइन होगा। 3 घंटे के पेपर-1 में फि जिक्स, केमिस्ट्री व मैथ्स तीनों विषयों से बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे जाएंगे। जबकि पेपर-2 में मैथ्स, एप्टीट्यूट टेस्ट व ड्राइंग टेस्ट पर आधारित प्रश्न होंगे।

आधार की गलतियां सुधरवा लें स्टूडेंट्स

वर्ष 2017 की परीक्षाओं में सरकार ने आधार कार्ड की अनिवार्यता लागू की थी। स्टूडेंट्स को फ ॉर्म भरते समय वही जानकारी भरनी होगी जो आधार कार्ड में दर्ज है, क्योंकि फार्म का सत्यापन आधार कार्ड में दर्ज जानकारी के आधार पर होगा। जानकारी गलत मिलने पर स्टूडेंट्स को परेशानी हो सकती है।

ये रहेगा जेईई का शिड्यूल

- जेईई मेन्स 8 अप्रेल व एडवांस्ड का 20 मई को होगा एग्जाम।
- भारत के 104 शहरों में मेन्स के परीक्षा केंद्र।
- श्रीलंका, बांग्लादेश, नेपाल, सिंगापुर, बहरीन, दुबई, मस्कट, रियाद व शरजाह में सेंटर।
- 2 लाख 24 हजार परीक्षार्थी आईआईटी के लिए 20 मई को देंगे जेईई-एडवांस्ड।

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Published on:
25 Oct 2017 10:08 am
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