टेक्नोलॉजी

महंगे ईयरबड्स से बेहतर हैं तार वाले ईयरफोन? ये 5 कारण जानकर आप भी बदल लेंगे अपनी पसंद

Wired vs Wireless Earphones: क्या आप भी वायरलेस ईयरबड्स की चार्जिंग और खराब ऑडियो क्वालिटी से परेशान हैं? जानिए 5 ऐसे बड़े कारण जिनकी वजह से अब लोग महंगे AirPods छोड़ वापस सस्ते और टिकाऊ तार वाले ईयरफोन्स की ओर लौट रहे हैं।

3 min read
Jan 19, 2026
Wired vs Wireless Earphones (Image: Gemini)

Wired vs Wireless Earphones: आज के दौर में जहां देखो वहां लोग कानों में छोटे-छोटे सफेद बड्स लगाए घूमते हैं। वायरलेस का जमाना है, तो अब तार वाले ईयरफोन्स को लोग पुराने जमाने की चीज या डाउनग्रेड समझने लगे हैं। लेकिन क्या वाकई Wireless Earphones हमेशा बेहतर होता है? हाल ही में एक बड़ा ही दिलचस्प बदलाव देखने को मिल रहा है। वो लोग जो महंगे AirPods या प्रीमियम वायरलेस बड्स इस्तेमाल कर रहे थे, अब वापस अपनी जेब से उलझे हुए तार वाले ईयरफोन निकाल रहे हैं।

सुनकर थोड़ा अटपटा लग सकता है कि इसे तरक्की कहें या पीछे लौटना, लेकिन जब आप इसके पीछे की वजह जानेंगे, तो शायद आप भी अपना वायरलेस केस घर पर ही छोड़ देंगे। चलिए समझते हैं कि आखिर क्यों लोग वापस तार वाले इयरफोन की ओर लौट रहे हैं।

ये भी पढ़ें

दुनिया का सबसे स्लिम फोल्ड फोन? iPhone Air से भी पतला होगा Apple का मुड़ने वाला फोन, जानें 5 खास फीचर्स

1. जेब पर नहीं पड़ता बोझ

    सबसे सीधी और काम की बात तो पैसे की है। एक अच्छी क्वालिटी के वायरलेस ईयरबड्स के लिए आपको कम से कम 3 से 6 हजार रुपये तक खर्च करने पड़ते हैं। इसके उलट, महज 500 से 1000 रुपये के बीच आपको बेहतरीन ब्रांडेड तार वाले ईयरफोन मिल जाते हैं। अगर आप थोड़ा और ऊपर जाएं, तो 2 हजार रुपये में आपको वो साउंड क्वालिटी मिलेगी जो 10 हजार वाले वायरलेस बड्स भी शायद न दे पाएं।

    2. असली साउंड का मजा

      अगर आप म्यूजिक के असली शौकीन हैं, तो आप जानते होंगे कि ब्लूटूथ की अपनी सीमाएं हैं। वायरलेस तकनीक में ऑडियो डेटा को हवा के जरिए भेजने के लिए उसे कंप्रेस करना पड़ता है, जिससे आवाज की बारीकियां थोड़ी कम हो जाती हैं। वहीं तार वाले ईयरफोन्स फोन से सीधे जुड़े होते हैं, इसलिए इनमें आवाज बिना किसी रुकावट या क्वालिटी गिरे आप तक पहुंचती है। यही वजह है कि प्रोफेशनल म्यूजिक रिकॉर्डिंग के लिए आज भी तार वाले हेडफोन्स ही इस्तेमाल किए जाते हैं।

      3. गेमर्स के लिए है लाइफ सेवर

        अगर आप गेमिंग के शौकीन हैं और PUBG या कॉल ऑफ ड्यूटी जैसे गेम्स खेलते हैं, तो आप ऑडियो लैग (Audio Lag) के दर्द को समझते होंगे। वायरलेस बड्स में अक्सर दुश्मन के कदमों की आहट एक-दो सेकंड की देरी से सुनाई देती है। गेम में यह छोटी सी देरी आपकी हार की वजह बन सकती है। तार वाले ईयरफोन्स में लेटेंसी या लैग की समस्या जीरो होती है। जो आवाज स्क्रीन पर दिख रही है, वही तुरंत कान में सुनाई देती है।

        4. चार्जिंग का झंझट हमेशा के लिए खत्म

          आजकल हमारी जिंदगी चार्जिंग के इर्द-गिर्द सिमट गई है। फोन चार्ज करो, स्मार्टवॉच चार्ज करो और अब ईयरबड्स भी… कितनी बार ऐसा होता है कि आप सफर के लिए तैयार होते हैं और पता चलता है कि आपके ईयरबड्स चार्ज ही नहीं हैं। तार वाले ईयरफोन्स के साथ यह सिरदर्द ही नहीं है। बस फोन के जैक में लगाइए और जितनी देर चाहें म्यूजिक का आनंद लें। न बैटरी खत्म होने का डर और न ही बार-बार केस में डालने की झंझट।

          5. कॉलिंग में साफ सुनाई देगी आवाज

            अक्सर सस्ते या औसत बजट वाले वायरलेस बड्स के साथ सबसे बड़ी दिक्कत कॉल क्वालिटी की आती है। भीड़-भाड़ वाली जगह पर सामने वाले को आपकी आवाज कम और ट्रैफिक का शोर ज्यादा सुनाई देता है। तार वाले ईयरफोन का माइक आपके मुंह के एकदम पास होता है। इससे कॉल के दौरान आपकी आवाज एकदम साफ और तेज जाती है, जिससे बातचीत का अनुभव काफी बेहतर हो जाता है।

            कुल-मिलाकर, यह कहना गलत नहीं होगा कि वायरलेस बड्स सुविधा और स्टाइल के लिए अच्छे हैं, लेकिन जब बात भरोसे, क्वालिटी और परफॉर्मेंस की आती है, तो आज भी तार वाले ईयरफोन्स का कोई मुकाबला नहीं है। अगली बार जब आप नया ईयरफोन खरीदने निकलें, तो एक बार पुराने तार वाले विकल्प को जरूर आजमाएं, शायद आपको भी यह डाउनग्रेड नहीं बल्कि एक स्मार्ट अपग्रेड लगे।

            ये भी पढ़ें

            फरवरी खत्म होने से पहले निपटा लें इन्वर्टर का ये काम, वरना मार्च की पहली गर्मी में ही जवाब दे देगी बैटरी

            Updated on:
            19 Jan 2026 03:06 pm
            Published on:
            19 Jan 2026 03:04 pm
            Also Read
            View All

            अगली खबर