Flower Tea Benefits in summer : गर्मी में फूलों की चाय आपका मूड सही रखने के अलावा कई फायदे देती है। आयुर्वेदिक डॉक्टर अर्जुन राज से जानिए गर्मी में फूलों के चाय को पीने के क्या फायदे हैं, इनका सेवन कब और कैसे करें?
Flower Tea Benefits in summer : फूल सिर्फ पूजा-पाठ या सजावट के लिए नहीं हैं। आयुर्वेद में फूलों को औषधीय गुणों का खजाना माना जाता है। सर्दी हो या गर्मी हर मौसम में शरीर और मन दोनों को ताजगी और एनर्जी देने में भी मदद करते हैं। इन फूलों से बनी चाय एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर होती है, जो इम्युनिटी बढ़ाती है, तनाव कम करती है और पूरे दिन एनर्जी बनाए रखती है।
आयुर्वेदिक डॉक्टर अर्जुन राज ने पत्रिका के साथ बातचीत में बताया कि गर्मी में फूलों के चाय को पीने के क्या फायदे हैं, इनका सेवन कब और कैसे करें और किस फूल की चाय से क्या फायदा मिलेगा?
डॉ. राज ने कहा, "गर्मियों में चाय के शौकीनों के लिए मुश्किल हो जाती है। गरम चाय शरीर को और गर्म कर देती है, पसीना बढ़ाती है, और कभी-कभी थकान भी महसूस होती है, लेकिन अगर आप चाय पीने के शौकीन हैं और गर्मी में भी ताजगी और एनर्जी बनाए रखना चाहते हैं, तो फूलों से बनी हर्बल टी आपके लिए बेहतरीन विकल्प है।"
डॉक्टर का जवाब- "कमल, पारिजात या हरसिंगार, गुड़हल या हिबिस्कस, सूरजमुखी, जैस्मिन और मौलश्री आदि फूलों की चाय गर्मी के मौसम में कई बीमारियों से बचाने का काम करती है। इनको पीने से इम्युनिटी बूस्ट होती है। साथ ही ये शरीर को ठंडक प्रदान करती हैं।"
कमल की चाय गर्मी में बुखार, प्यास और जलन से राहत देती है। यह मन को शांत रखती है और अच्छी नींद लाती है। वहीं, कृष्णकमल या पैशन फ्लावर की चाय चिंता, अनिद्रा और तनाव दूर करने में बेहद उपयोगी है। यह अच्छी नींद लाती और मूड सुधारती है।
गुड़हल या हिबिस्कस विटामिन सी से भरपूर होती है। इससे बनी चाय ब्लड प्रेशर कंट्रोल करती है, इम्युनिटी बूस्ट करती है और त्वचा को चमकदार बनाती है। गर्मी में यह शरीर को ठंडक प्रदान करती है।
गुलाब की चाय गर्मियों में सबसे ज्यादा पसंद की जाने वाली चाय है। यह मूड अच्छा रखती है, तनाव कम करती है, त्वचा निखारती है और दिन भर की थकान दूर करती है। पाचन भी सुधारती है।
पारिजात या हरसिंगार की चाय जोड़ों के दर्द, सूजन और बुखार में रामबाण है। सर्दी-जुकाम और संक्रमण से बचाती है। बनफशा की चाय खांसी, सांस की समस्या और त्वचा रोगों में फायदेमंद और तनाव दूर करके मन को शांत रखती है।
बुखार, पुरानी खांसी और त्वचा की समस्याओं में राहत देती है। इस फूल को सर्वगुण संपन्न कहा जाता है। यह तनाव दूर करने में भी कारगर है। विष्णुकांता की चाय याददाश्त बढ़ाती है, दिमाग शांत रखती और एनर्जी बूस्ट करती है। इसका नीला रंग बदलना भी आकर्षक है।
सूरजमुखी और जैस्मिन की चाय बुखार, सूजन और चिंता दूर करने में मददगार है।
लैवेंडर की चाय रिलैक्सेशन के लिए सबसे अच्छी होती है, त्वचा चमकाती है और गर्मी की थकान मिटाती है।
फूलों की चाय घर पर आसानी से बनाई जा सकती है। इसके लिए एक कप गर्म पानी में 1-2 चम्मच सूखे या ताजे फूल डालें। 5-10 मिनट ढककर रखें। फिर छान लें। स्वाद के अनुसार इसमें शहद और नींबू मिला सकते हैं। रोजाना 1-2 कप पीने से गर्मी में भी शरीर ठंडा, मन शांत और एनर्जी बनी रहती है।
डॉक्टर का जवाब- पीने का सबसे अच्छा समय सुबह खाली पेट, अगर आप योग करते हैं तो उसके बाद या फिर भोजन करने के 30-45 मिनट बाद सेवन करना सही माना जाता है।
डॉक्टर का जवाब- कुछ हर्बल चाय मूत्रवर्धक होती हैं। अगर आपको यूरिन की दिक्कत है तो बचें। साथ ही रात में पीने से बचें। इससे आपकी नींद खराब हो सकती है। यदि आपको एसिड रिफ्लक्स है, तो डॉक्टर की सलाह लेकर पिएं।
नियमित सेवन से इम्युनिटी मजबूत होती है और गर्मी से होने वाली समस्याएं कम हो जाती हैं। हालांकि, अगर किसी फूल से एलर्जी हो तो डॉक्टर से सलाह लेकर ही इस्तेमाल करें।