Share Market News

पितृपक्ष के बाद और धनतेरस से पहले फिर 40,000 रुपए से पार जाएगा सोना

29 नवंबर को नवरात्र में जोर पकड़ेगी सोने की मांग धनतेरस को सोना-चांदी खरीदना माना जाता है शुभ

3 min read
Sep 25, 2019
Gold and silver price rise due to Corona virus

नई दिल्ली। घरेलू सर्राफा बाजार में सोने और चांदी के भाव में फिर जोरदार तेजी देखने को मिल सकती है, क्योंकि पितृपक्ष समाप्त होने के बाद 29 नवंबर से नवरात्र शुरू हो रहा है, जब महंगी धातुओं की खरीदारी जोर पकडऩे वाली है। ऐसे में सोने का भाव फिर एक बार 40,000 रुपए प्रति 10 ग्राम के ऊपर जा सकता है। कमोडिटी बाजार विश्लेषकों की मानें तो अंतर्राष्ट्रीय बाजार में सोना आगामी त्योहारी सीजन में भारतीय बाजार में 40,000 रुपए प्रति 10 ग्राम के ऊपर जा सकता है, जबकि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में सोने में 1,500-1,600 डॉलर प्रति औंस के बीच कारोबार देखने को मिल सकता है। हाल ही में सोना घरेलू सर्राफा बाजार में 40,000 रुपए प्रति 10 ग्राम के ऊपर चल गया था।

केडिया कमोडिटी के डायरेक्टर अजय केडिया ने बताया कि अमरीका और चीन के बीच जारी व्यापारिक टकराव और खाड़ी क्षेत्र के जियोपॉलिटिक टेंशन (भू-राजनीतिक तनाव) के कारण निवेशकों का रुझान लगातार सोने में बना हुआ है क्योंकि निवेशक मौजूदा वैश्विक माहौल में सुरक्षित निवेश के साधन तलाश रहे हैं जिसमें सोना उनकी पहली पसंद है।

भारत में आगे धनतेरस और दिवाली का त्योहार है, जिसे सोने और चांदी समेत नई चीजें खरीदने का शुभ मुहुर्त बना जाता है। जेम्स एंड ज्वेलरी ट्रेड काउंसिल ऑफ इंडिया के प्रेसिडेंट शांति भाई पटेल ने कहा कि नवरात्र से शुरू होने वाली खरीदारी आगे धनतेरस और दिवाली तक जोरों पर रहेगी। इसके बाद आगे शादी का सीजन शुरू हो रहा है, जिससे घरेलू बाजार में सोने और चांदी की मांग बनी रहेगी। वहीं, जयपुर के आभूषण कारोबारी सुशील मेघराज का कहना है कि सोने और चांदी में इस साल लगातार तेजी का रुझान है और जब महंगी धातुओं में तेजी रहती है तो खरीदारी ज्यादा होती है।

आमतौर पर कोई वस्तु जब सस्ती होती है तो लोग उसकी खरीदारी ज्यादा करते हैं, लेकिन सर्राफा बाजार का नजरिया कुछ अलग ही है। कारोबारी बताते हैं कि यह नियम सिर्फ उपभोक्ता वस्तुओं में लागू होता है, निवेश के साधन में नहीं। सोना और चांदी की खरीदारी का मकसद निवेश भी होता है। मेघराज ने कहा, "सोने और चांदी के भाव में मंदी रहने पर कोई खरीदारी नहीं करना चाहता है। लेकिन जब तेजी रहती है तो भाव और बढऩे की संभावनाओं से खरीदारी तेज हो जाती है।"

केडिया ने बताया कि अमरीका में 10 साल के बांड से मिलने वाली आय कम होने से और डॉलर में कमजोरी रहने से सोने के भाव को सपोर्ट मिल रहा है। उन्होंने बताया कि एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) की एपसीडीआर गोल्ड होल्डिंग पिछले सप्ताह 908.52 टन हो गई, जोकि नवंबर 2016 के बाद का सबसे ऊंचा स्तर है। वहीं, मुंबई कमोडिटी कंसल्टेंट टी. गणशेखर ने कहा कि अमेरिका-चीन के बीच व्यापारिक तनाव के कारण वैश्विक आर्थिक विकास की रफ्तार सुस्त पडऩे से अंतर्राष्ट्रीय बाजार में सोने को सपोर्ट मिल रहा है जिससे अगले महीने भाव 1,600 डॉलर प्रति औंस तक जा सकता है। वहीं, घरेलू सर्राफा बाजार में 40,000 रुपए प्रति 10 ग्राम से ऊपर का भाव देखने को मिल सकता है।

कारोबारियों ने बताया कि त्योहारी सीजन में ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए आभूषण कारोबारी मेकिंग पर 15-20 फीसदी की छूट देने की विशेष पेशकश करने वाले हैं। भारतीय वायदा बाजार मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर बुधवार को सोने के अक्टूबर वायदा अनुबंध में मामूली तेजी के साथ 38,160 रुपये प्रति औंस पर कारोबार चल रहा था। चांदी का दिसंबर अनुबंध 178 रुपये की तेजी के साथ 48,200 रुपये प्रति किलो पर बना हुआ था।

वहीं, अंतर्राष्ट्रीय वायदा बाजार कॉमेक्स पर हालांकि सोने के दिसंबर अनुबंध में करीब दो डॉलर की नरमी के साथ 1,538.15 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार चल रहा था, जबकि इससे पहले दैनिक कारोबार के दौरान भाव 1,542.55 डॉलर प्रति औंस तक उछला। कॉमेक्स पर चांदी के दिसंबर अनुबंध में मामूली तेजी के साथ 18.64 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार चल रहा था।

Published on:
25 Sept 2019 05:31 pm
Also Read
View All