
नागौर जिले में दहेज प्रताड़ना का मामला सामने आया है। गोटन थाना पुलिस ने विवाहिता की रिपोर्ट पर पति सहित 6 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि विवाह के कुछ सालों बाद से ससुराल पक्ष के लोग उससे दहेज में दो लाख रुपए की मांग कर रहे थे। मांग पूरी नहीं होने पर उसे लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट भी करते थे।
पुलिस के अनुसार डाबरियाणी कला हाल पून्दलू निवासी पूजा वाल्मीकि ने रिपोर्ट देकर बताया कि उसकी शादी वर्ष 2009 में डाबरियाणी कला निवासी नरेश वाल्मीकि के साथ हुई थी। विवाह के शुरुआती चार वर्षों तक उसका वैवाहिक जीवन सामान्य रूप से चलता रहा और ससुराल पक्ष का व्यवहार भी ठीक था। इसके बाद धीरे-धीरे पति और अन्य परिजनों ने दहेज की मांग को लेकर उसे परेशान करना शुरू कर दिया।
परिवादिया ने आरोप लगाया कि पति नरेश वाल्मीकि, सास कमला, जेठ अशोक-जेठानी रेखा(भाई-भाभी), देवर दिनेश तथा देवरानी हीना दहेज में दो लाख रुपए लाने का दबाव बनाते थे। जब वह अपने पीहर पक्ष से रुपए लाने में असमर्थता जताती थी तो आरोपित उसे ताने देते थे और मानसिक रूप से प्रताड़ित करते थे। पीड़िता का कहना है कि पति कई बार उसके साथ मारपीट भी करता था। इस कारण उसे लंबे समय से परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
रिपोर्ट में बताया गया है कि करीब दो माह पूर्व आरोपितों ने एक बार फिर दहेज की मांग को लेकर उसके साथ मारपीट की। इस दौरान उसे घर से बाहर निकाल दिया गया। विवाहिता का आरोप है कि ससुराल पक्ष के लोगों ने उसका स्त्रीधन भी अपने कब्जे में रख लिया और उसे वापस नहीं लौटाया। घटना के बाद से वह अपने मायके पून्दलू गांव में रह रही है।
पीड़िता ने न्याय की मांग करते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर नागौर की गोटन थाना पुलिस ने पति सहित छह लोगों के खिलाफ दहेज प्रताड़ना और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है तथा सभी आरोपों की गंभीरता से पड़ताल की जा रही है। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।