AAP protest Delhi: जनकपुरी में 3 साल की बच्ची के मामले को लेकर दिल्ली में सियासी बवाल बढ़ गया है। LG हाउस के बाहर प्रदर्शन कर रहे AAP नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया, जिसके बाद केजरीवाल और सौरभ भारद्वाज ने BJP और दिल्ली प्रशासन पर तीखे सवाल उठाए।
AAP leaders detained: दिल्ली के जनकपुरी में 3 साल की बच्ची के साथ हुए यौन उत्पीड़न के मामले को लेकर अब राजनीति भी तेज हो गई है। आम आदमी पार्टी लगातार दिल्ली पुलिस और प्रशासन पर सवाल उठा रही है। जानकारी के अनुसार, बुधवार को AAP के कई बड़े नेता उपराज्यपाल से मिलने पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने सौरभ भारद्वाज समेत AAP के कई नेताओं को हिरासत में ले लिया। पार्टी का कहना है कि बच्ची के परिवार को इंसाफ दिलाने की जगह प्रशासन आवाज उठाने वालों को ही रोक रहा है। दूसरी तरफ, दिल्ली पुलिस का कहना है कि मामले की जांच पूरी ईमानदारी और निष्पक्ष तरीके से की जा रही है और लगाए जा रहे आरोप गलत हैं।
आम आदमी पार्टी का कहना है कि पार्टी का प्रतिनिधिमंडल कई घंटों तक LG हाउस के बाहर उपराज्यपाल से मिलने का इंतजार करता रहा, लेकिन उन्हें मिलने का समय नहीं दिया गया। पार्टी नेताओं के अनुसार, वे बच्ची के परिवार को धमकाने वाले दिल्ली पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग लेकर वहां गए थे, लेकिन इसी दौरान पुलिस ने नेताओं को गिरफ्त में ले लिया।
आप दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने पुलिस कार्रवाई को अमानवीय बताया और कहा कि LG के पास रील बनाने का समय है, लेकिन जनता की बात सुनने का समय नहीं है। साथ ही, उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू जनकपुरी स्कूल केस में सवालों का जवाब देने के बजाय आप के कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी को प्राथमिकता दे रहे हैं। सौरभ भारद्वाज ने कहा कि 3 साल की बच्ची के साथ रेप हुआ और जब हम इंसाफ मांगने पहुंचे तो हमें गिरफ्तार कर लिया गया। यह दिल्ली की महिलाओं का अपमान है।
आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इस मामले को लेकर बीजेपी पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि एक छोटी बच्ची के साथ इतना बड़ा अपराध हुआ, लेकिन दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने के बजाय उन्हें बचाने की कोशिश की जा रही है। केजरीवाल ने कहा कि जो लोग बच्ची को इंसाफ दिलाने की मांग कर रहे थे, कार्रवाई उन्हीं के खिलाफ कर दी गई। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी के पाप का घड़ा भर चुका है। वहीं नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने भी कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राजधानी में लड़कियों की सुरक्षा अब प्राथमिकता नहीं रह गई है और बीजेपी सरकार ऐसे मामलों को रोकने में पूरी तरह असफल रही है।
साथ ही संजय सिंह ने कहा कि ये गुंडागर्दी की पराकाष्ठा है। दिल्ली के स्कूल में तीन साल की मासूम बच्ची का रेप हो गया; दरिंदों पर कार्यवाही करने के बजाय बीजेपी की बहादुर पुलिस सौरभ गुप्ता को गिरफ्तार कर रही है।
यह मामला पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी इलाके के एक निजी स्कूल का है। आरोप है कि 30 अप्रैल को स्कूल में 3 साल की बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न हुआ। घटना सामने आने के बाद परिवार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने जांच के दौरान बच्ची की पहचान के आधार पर स्कूल के 57 साल के केयरटेकर को गिरफ्तार किया था। आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया, लेकिन बाद में उसे जमानत मिल गई। आरोपी को बेल मिलने के बाद इस मामले ने तूल पकड़ लिया है।
आपको बता दें कि दिल्ली पुलिस ने इस मामले के आरोपी को मिली जमानत का विरोध किया था और अब इस फैसले को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। दिल्ली पुलिस का कहना है कि इस मामले में जांच पूरी निष्पक्ष तरीके से की गई है और किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती गई।
पुलिस ने पीड़ित परिवार को धमकाने या परेशान करने के आरोप झूठे और बेबुनियाद बताए। पुलिस ने बताया कि बच्ची और उसकी मां के बयान मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज कराए गए थे और CCTV फुटेज समेत अन्य सबूत जब्त किए गए हैं। पुलिस ने यह भी कहा कि संयुक्त पुलिस आयुक्त पीड़ित परिवार से मुलाकात करेंगे और 24 घंटे के भीतर रिपोर्ट सौंपेंगे।