राष्ट्रीय

लेह हिंसा के बाद सोनम वांगचुक पर केंद्र सरकार ने की कार्रवाई, SECMOL का FCRA लाइसेंस रद्द

मंत्रालय ने आरोप लगाया कि वित्त वर्ष 2021-22 में सोनम वांगचुक ने धारा 17 का उल्लंघन करते हुए SECMOL के FCRA खाते में 3.35 लाख रुपये जमा किए।
2 min read
Sep 25, 2025
Sonam Wangchuk
सोनम वांगचुक की गिरफ्तारी पर सुप्रीम कोर्ट ने मोदी सरकार और लद्दाख प्रशासन को जारी किया नोटिस (फोटो-IANS)

लद्दाख के लेह में हुई हिंसा के बाद केंद्र सरकार ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक पर कार्रवाई की है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने गुरुवार को एक आदेश जारी कर स्टूडेंट्स एजुकेशनल एंड कल्चरल मूवमेंट ऑफ लद्दाख (एसईसीएमओएल) के एफसीआरए लाइसेंस को रद्द कर दिया। बता दें कि यह संस्था सोनम वांगचुक से जुड़ी हुई है। 

क्या लगे आरोप

मंत्रालय ने आरोप लगाया कि वित्त वर्ष 2021-22 में सोनम वांगचुक ने धारा 17 का उल्लंघन करते हुए SECMOL के FCRA खाते में 3.35 लाख रुपये जमा किए। जबकि एसोसिएशन ने दावा किया कि यह राशि FCRA फंड से खरीदी गई एक पुरानी बस की बिक्री से प्राप्त राशि थी और इस प्रकार FCRA खाते में जमा करना सही था। 

तीन व्यक्तियों से प्राप्त पैसों को भी किया जमा

अधिकारियों ने यह भी बताया कि वित्त वर्ष 2020-21 में तीन व्यक्तियों से प्राप्त 54,600 रुपये को स्थानीय खाते के बजाय एफसीआरए खाते में जमा कर दिया गया था, जिसे एसोसिएशन ने एक अनजाने में की गई गलती के रूप में स्वीकार किया है। 

कारण बताओ नोटिस किया था जारी

बता दें कि मंत्रालय ने इससे पहले संगठन को कारण बताओ नोटिस जारी किया था, जिसमें संगठन के खातों में पाई गई अनियमितताओं के लिए स्पष्टीकरण मांगा था। 

संगठन को मिले 4.93 लाख रुपये

इसके अलावा SECMOL को प्रवासन, जलवायु परिवर्तन और खाद्य सुरक्षा पर युवा जागरूकता कार्यक्रमों के लिए स्वीडिश संगठन फ्रैम्टिसजॉर्डेन से 4.93 लाख रुपये मिले। हालांकि एनजीओ ने कहा कि इस धनराशि का इस्तेमाल केवल शैक्षिक उद्देश्यों के लिए किया गया था।

इन पैसों का भी किया जिक्र

वहीं मंत्रालय ने कोविड के दौरान एक दानकर्ता को लौटाए गए 19,600 रुपये के विदेशी दान और कर्मचारियों के वेतन से 79,200 रुपये की कटौती का भी जिक्र किया। संगठन ने इसे वेतन के बजाय खाद्य-शुल्क रसीद के रूप में दर्ज किया गया था।

बुधवार को हुई हिंसा

बता दें कि सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में बुधवार को लेह में युवा सड़क पर उतर गए और प्रदर्शन करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने बीजेपी ऑफिस और CRPF के वाहन में आग लगा दी। प्रदर्शनकारियों को भगाने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज भी किया। बुधवार को हुई हिंसा में चार लोगों की मौत हो गई जबकि कई घायल हो गए।

Published on:
25 Sept 2025 09:53 pm
Also Read
View All
कोलकाता के ताराताला हादसे मामले में 3 लोगों को किया गया गिरफ्तार, शेड गिरने से पांच नागरिकों की हुई थी मौत

CRPF Jawan Commits Suicide: सीआरपीएफ जवान ने की आत्महत्या, जम्मू-कश्मीर में था पदस्थ, पत्नी से झगड़े के बाद रस्सी लेकर चढ़ गया था पेड़ पर

‘बिना विलय किसी गुट को न मिले मान्यता’, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिलकर बोले शिवसेना (UBT) सांसद अनिल देसाई

लखनऊ कोचिंग अग्निकांड: एक्शन में योगी सरकार, 15 मौतों के बाद 6 पीसीएस अफसरों और 19 इंजीनियरों पर गिरेगी गाज

भारत-अमेरिका में ट्रेड डील की तैयारी! AI और फ्यूचर टेक में बढ़ाएंगे सहयोग, USTR ने किया बड़ा खुलासा