NEET-UG 2026 रद्द होने पर राहुल गांधी, अरविंद केजरीवाल, एमके स्टालिन, अशोक गहलोत और मणिकम टैगोर ने केंद्र सरकार पर हमला बोला। नेताओं ने पेपर लीक को छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया।
NEET Paper Leak: देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 रद्द होने के बाद केंद्र सरकार पर विपक्ष ने एक साथ बड़ा हमला बोला है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी, आम आदमी पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल, कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर और पूर्व राजस्थान मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अलग-अलग बयान जारी कर परीक्षा व्यवस्था और केंद्र सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए। NEET-UG 2026 परीक्षा 3 मई को आयोजित हुई थी। परीक्षा में 22.79 लाख छात्र शामिल हुए थे। लेकिन पेपर लीक और गड़बड़ी के आरोपों के बाद केंद्र सरकार ने परीक्षा रद्द कर दी और मामले की जांच CBI को सौंप दी।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इस मामले को युवाओं के भविष्य के खिलाफ अपराध बताया। उन्होंने X पर लिखा, NEET 2026 की परीक्षा रद्द कर दी गई है। 22 लाख से अधिक छात्रों की कड़ी मेहनत, त्याग और सपनों को इस भ्रष्ट BJP सरकार ने कुचल दिया है। राहुल गांधी ने कहा कि कई माता-पिता ने बच्चों की पढ़ाई के लिए कर्ज लिया, गहने बेचे और बच्चे रातभर मेहनत करते रहे, लेकिन बदले में उन्हें पेपर लीक और भ्रष्टाचार मिला। उन्होंने एक अन्य पोस्ट में लिखा की अब यह कोई परीक्षा नहीं रही, NEET अब एक नीलामी बन गई है। राहुल गांधी ने दावा किया कि पिछले 10 सालो में 89 पेपर लीक और 48 री-एग्जाम हुए हैं। उन्होंने कहा कि हर बार पेपर माफिया बच निकलते हैं और ईमानदार छात्र सजा भुगतते हैं।
AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि NEET पेपर पहली बार लीक नहीं हुआ है। उन्होंने कहा की अगर पेपर चार बार लीक हुआ है, तो ऐसे पेपर लीक नहीं होते। इसका मतलब है कि बहुत बड़े पैमाने पर किसी तरह की मिलीभगत है। इसमें राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। केजरीवाल ने सवाल उठाया कि साल 2017, 2021 और साल 2024 के पेपर लीक मामलों में दोषियों को सजा क्यों नहीं मिली। उन्होंने कहा कि सभी आरोपी जमानत पर बाहर आ गए और सिस्टम में कोई डर नहीं बचा। उन्होंने अपने छात्र जीवन को याद करते हुए कहा कि गरीब परिवार अपने बच्चों की कोचिंग के लिए जमीन तक बेच देते हैं। ऐसे में पेपर लीक छात्रों और परिवारों के साथ बड़ा अन्याय है।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि छात्रों ने 3 और 4 मई को ही शिकायतें दी थीं, लेकिन पुलिस ने शुरुआत में ध्यान नहीं दिया। बाद में मामला SOG को सौंपा गया और कई गिरफ्तारियां हुईं। गहलोत ने कहा की NTA से लगातार तीन सालों से पेपर लीक हो रहे हैं। जब तक आप इसकी मूल वजह तक नहीं पहुंचेंगे, यह सिलसिला जारी रहेगा। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय पेपर लीक गैंग्स का जिक्र करते हुए कहा कि CBI को मामले की तह तक जाना चाहिए।
कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने X पर लिखा, लाखों छात्र, जिन्होंने दिन-रात पढ़ाई की, एक पूरी तरह से भ्रष्ट व्यवस्था की सजा भुगत रहे हैं। उन्होंने कहा कि हर साल वही घोटाला, वही बहाने और वही परेशानी देखने को मिलती है। टैगोर ने पूछा कि आखिर छात्रों का भविष्य बर्बाद करने वालों की जवाबदेही कौन तय करेगा।
इसी बीच स्टालिन ने भी NEET परीक्षा को लेकर केंद्र सरकार पर बड़ा हमला बोला। उन्होंने NEET को स्कैम बताते हुए कहा कि हर साल यह परीक्षा लाखों छात्रों की जिंदगी और मानसिक स्थिति के साथ खिलवाड़ कर रही है। स्टालिन ने X पर लिखा की जैसा कि मैं लगातार कहता आ रहा हूं, NEET में सिर्फ घोटाला ही नहीं है; NEET अपने आप में एक घोटाला है! उन्होंने कहा कि दोबारा परीक्षा कराने से छात्रों में और भ्रम और तनाव बढ़ेगा। DMK प्रमुख ने मांग की कि MBBS में दाखिला पहले की तरह 12वीं के अंकों के आधार पर दिया जाए। साथ ही उन्होंने तमिलनाडु सरकार से NEET के खिलाफ कानूनी लड़ाई जारी रखने और राज्य को इस परीक्षा से छूट दिलाने की अपील भी की।
National Testing Agency ने बयान जारी कर कहा कि केंद्रीय एजेंसियों से मिले इनपुट और जांच एजेंसियों की रिपोर्ट के बाद परीक्षा प्रक्रिया की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हुए। इसलिए NEET-UG 2026 परीक्षा रद्द करने और दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया गया। NTA ने साफ किया कि छात्रों को दोबारा रजिस्ट्रेशन नहीं करना होगा और पहले जमा की गई फीस वापस की जाएगी। नई परीक्षा तारीख और एडमिट कार्ड की जानकारी जल्द जारी की जाएगी।