बीजेपी से बढ़ते प्रेम के बीच अमर सिंह ने अपनी पार्टी के खिलाफ दे डाला बड़ा बयान, गुजरात दंगों से की मुजफ्फरनगर की तुलना
नई दिल्ली। पिछले कुछ समय से अमर सिंह के बीजेपी से बढ़ते रिश्ते और पार्टी जॉइन करने के कयास लगाए जा रहे हैं। इन बातों हवा तब मिली जब हाल में पीएम मोदी ने एक कार्यक्रम में अमर सिंह की तारीफ भी। लेकिन इस सबके बीच अमर सिंह ने इन नजदीकियों मानो मुहर ही लगा दी। अमर सिंह ने अपनी पार्टी के खिलाफ एक बड़ा बयान दे डाला है।
एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में अमर सिंह ने सांप्रदायिकता को लेकर विपक्ष के व्याकुलता के माहौल के आरोप पर बयान दिया है...उन्होंने कहा कि आज व्याकुल तो मैं भी हूं...ये व्याकुलता इसलिए क्योंकि इस पूरे परिप्रेक्ष्य में धर्मनिपेक्षता और सांप्रदायिकता का भेद लुप्त हो गया है।
अमर सिंह बोले कि मुजफ्फरनगर में ऐसे भयंकर दंगे हुए कि गुजरात शर्मसार हो जाए। आजादी के समय देश में जब भयंकर सांप्रदायिक दंगे हुए तब भी वहां दंगे नहीं हुए थे क्योंकि वहां की पूरी सामाजिक संरचना हिंदू मुस्लिमों पर निर्भर है। जाटों की जमीन है और मुस्लिम वहां श्रमिक हैं, लेकिन वो गाजर मूली की तरह काटे गए। सिंह ने कहा कि अब ये धर्मनिरपेक्षता और सांप्रदायिकता की नई परिभाषा क्या है कि गुजरात का दंगा है और मुजफ्फनगर का दंगा आजम खान के नेतृत्व में खेलकूद प्रतियोगिता है।
अमर सिंह यहीं नहीं रुके उन्होंने कहा आज व्याकुलता की बात बोली जा रही है, हम लोग मोदी को चिन्हित कर रहे हैं कि क्या सच है और क्या झूठ है, लेकिन गुजरात के साथ मुजफ्फरनगर भी याद रखा जाना चाहिए। अमर सिंह का ये बयान उसी समाजवादी पार्टी के खिलाफ जिसके गुणगान करते कभी वे थकते नहीं थे। आज इसी पार्टी से राज्यसभा के सदस्य भी हैं।