
नई दिल्ली। कश्मीर में करीब एक महीने तक चले सीजफायर को फिर से हटाने को लेकर अब राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सीजफायर खत्म करने की आलोचना करते हुए इसे केंद्र और राज्य सरकार की नाकामी करार दिया। वहीं राज्य के उपमुख्यमंत्री कविंद्र गुप्ता ने कहा कि आतंकी घटनाओं को अंजाम देने वालों को करारा जवाब दिया जाएगा।
...ऐसे चली जुबानी जंग
कविंद्र गुप्ता ने बयान दिया था, 'सैन्य ऑपरेशन को सिर्फ कुछ वक्त के लिए सस्पेंड किया गया था। जो भी इस तरह की गतिविधियों में शामिल हैं उनको करारा जवाब दिया जाएगा। हम सभी दोषियों को ढूंढ लेंगे।' उपमुख्यमंत्री के इस बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री अब्दुल्ला ने कहा, 'सीजफायर केंद्र सरकार द्वारा की गई पहल थी, फिर भी ये लोग इस नाकामी पर ऐसे खुश हैं जैसे इसे हमारे दुश्मनों ने लागू किया था। यह विफलता हम सब की है, उन सबकी जो शांति चाहते हैं।'
सीजफायर बढ़ाना चाहती थी सरकार लेकिन...
गौरतलब है कि केंद्र सरकार मुफ्ती सरकार की अपील पर राज्य में रमजान के दौरान सैन्य ऑपरेशन पर रोक लगा दी थी। इसके सकारात्मक नतीजों को देखते हुए केंद्र सरकार इस सीजफायर की अवधि बढ़ाने पर विचार कर रही थी। लेकिन सेना की चेतावनी, अमरनाथ यात्रा पर आतंकी साये और आतंकियों की घुसपैठ को देखते हुए रविवार से हालात पहले की तरह बहाल कर दिए गए हैं। गौरतलब है कि इसी अवधि में पत्रकार शुजात बुखारी और जवान औरंगजेब की हत्या कर दी गई। इनके अलावा भी आतंकियों ने कई वारदातों को अंजाम दिया।