9 अगस्त 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

परिसीमन बिल पर गरमाई सियासत: PM मोदी से मिलेंगे शरद गुट के 8 सांसद, रोहित पवार ने कहा- 17 अगस्त तक बहुत कुछ बदल जाएगा

Delimitation Bill 2026: परिसीमन विधेयक को लेकर महाराष्ट्र की राजनीति गरमा गई है। एनसीपी के विधायक रोहित पवार ने दावा किया कि 17 अगस्त तक कई बड़े राजनीतिक घटनाक्रम होंगे, लेकिन शरद पवार गुट के सभी सांसद विधेयक के खिलाफ मतदान करेंगे।
2 min read
Google source verification

मुंबई

image

Dinesh Dubey

Aug 09, 2026

PM Narendra Modi Sharad Pawar NCP

शरद पवार ने पिछले महीने पीएम मोदी से मुलाकात की (Photo: IANS)

Rohit Pawar: देश की राजनीति में इन दिनों लोकसभा और विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन (Delimitation) का मुद्दा गरमाया हुआ है। संसद में परिसीमन से जुड़ा विधेयक एक बार फिर पेश किए जाने की संभावना के बीच राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच विपक्षी इंडिया ब्लॉक में शामिल राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के आठ सांसदों के सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने की खबर ने सियासी चर्चाओं को और बढ़ा दिया है।

इस बीच, शरद पवार गुट के विधायक रोहित पवार ने बड़ा बयान दिया है। पुणे में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, “17 अगस्त तक सभी को कई घटनाक्रम देखने को मिलेंगे। तब तक बहुत कुछ बदल चुका होगा।” उनके इस बयान के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।

PM मोदी से मिलेंगे शरद गुट के 8 सांसद?

परिसीमन के मुद्दे के बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के आठ सांसदों के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने की बात सामने आई है। इससे पहले पार्टी की सांसद सुप्रिया सुले और खुद शरद पवार भी प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात कर चुके हैं।

हालांकि, पार्टी की ओर से कहा गया है कि सांसदों की प्रधानमंत्री से प्रस्तावित मुलाकात किसानों से जुड़े मुद्दों को लेकर है। लेकिन परिसीमन विधेयक को लेकर चल रही सियासी अटकलों के बीच इस मुलाकात ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

शरद पवार के पोते रोहित पवार ने इसी को लेकर सवाल किया कि मुख्यमंत्री से मिलने के लिए समय मिलने में 10 दिन लगते हैं, लेकिन प्रधानमंत्री से इतनी जल्दी मुलाकात का समय कैसे मिल गया?

‘विधेयक आने पर पता चलेगा कौन किसके साथ’

परिसीमन विधेयक पर अपनी बात रखते हुए कर्जत से विधायक रोहित पवार ने कहा कि असली तस्वीर तब साफ होगी, जब यह विधेयक संसद में आएगा और मतदान होगा। उन्होंने कहा कि उस समय यह देखना दिलचस्प होगा कि कौन सांसद किसके पक्ष में खड़ा होता है और कौन मतदान से गैरहाजिर रहता है।

रोहित पवार ने दावा किया कि एनसीपी (शरद पवार) के सभी सांसद परिसीमन विधेयक के खिलाफ मतदान करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी का कोई भी सांसद मतदान के दौरान अनुपस्थित नहीं रहेगा। यह पहले से ही तय हैं।

‘परिसीमन के नाम पर निर्वाचन क्षेत्रों को तोड़ा जा रहा’

शरद गुट के नेता ने आरोप लगाया कि परिसीमन के नाम पर अधिकारियों को साथ लेकर निर्वाचन क्षेत्रों में बदलाव और पुनर्गठन का काम किया जा रहा है। उन्होंने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि यदि लोकसभा और विधानसभा क्षेत्रों के साथ इस तरह छेड़छाड़ की गई तो देश में लोकतंत्र ही नहीं बचेगा। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी की परिसीमन विधेयक को लेकर भूमिका पहले से स्पष्ट है और सभी सांसद इसके खिलाफ होंगे।

हालांकि उनके 17 अगस्त तक बहुत कुछ बदल जाएगा वाले बयान ने राजनीतिक हलकों में सबसे ज्यादा चर्चा पैदा की है। उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि 17 अगस्त तक क्या होने वाला है। ऐसे में उनके बयान को लेकर अलग-अलग कयास लगाए जा रहे हैं। फिलहाल परिसीमन विधेयक की चर्चा के बीच पीएम मोदी से शरद गुट के सांसदों की मुलाकात और अब रोहित पवार के नए बयान ने महाराष्ट्र का सियासी पारा चढ़ा दिया है।