
Ramgopal Agrawal: छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले समेत कोयला, कस्टम मिलिंग और डीएमएफ मामलों में प्रदेश कांग्रेस के कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल से ईओडब्ल्यू (EOW) और एसीबी (ACB) की पूछताछ जारी है। जांच एजेंसी उनकी तीन साल की फरारी के दौरान के ठिकानों और संभावित विदेश प्रवास की भी जांच कर रही है। वहीं, उनके बेटे वैभव अग्रवाल ने दावा किया है कि रामगोपाल राज्य से बाहर नहीं गए थे। ईओडब्ल्यू अब इस दावे की भी जांच कर रही है और मामले में कई अहम खुलासों की संभावना जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, रामगोपाल अग्रवाल से शराब घोटाला, कोयला घोटाला, कस्टम मिलिंग और डीएमएफ (जिला खनिज न्यास) से जुड़े मामलों में पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी के अलग-अलग अधिकारी उनसे विभिन्न मामलों को लेकर सवाल-जवाब कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं।
जांच एजेंसी इस बात की भी पड़ताल कर रही है कि फरारी के दौरान रामगोपाल अग्रवाल कहां रहे। उनके बेटे वैभव अग्रवाल ने पूछताछ में बताया कि उनके पिता छत्तीसगढ़ से बाहर नहीं गए थे और अधिकतर समय धमतरी में रहे। हालांकि, जांच अधिकारियों को इस दावे पर संदेह है। जानकारी के मुताबिक, एजेंसी को पहले से जानकारी मिली थी कि रामगोपाल अग्रवाल विदेश में भी रह सकते हैं। उनके दुबई में होने की चर्चाएं भी सामने आई थीं। इसी वजह से एजेंसी अब उनके यात्रा और ठिकानों से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।
बताया जा रहा है कि 7 जुलाई को रामगोपाल अग्रवाल EOW-ACB कार्यालय पहुंचे थे, जहां उन्होंने सरेंडर किया। इसके बाद जांच एजेंसी ने गिरफ्तारी की औपचारिकताएं पूरी कर उन्हें विशेष अदालत में पेश किया। अदालत ने उन्हें 17 जुलाई तक EOW-ACB की रिमांड पर भेज दिया है। पूछताछ के दौरान उनके वकील को भी मौजूद रहने की अनुमति दी गई है। जांच एजेंसी का कहना है कि मामले से जुड़े सभी तथ्यों की बारीकी से जांच की जा रही है।
इस मामले को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। भाजपा प्रवक्ता डॉ. विजयशंकर मिश्रा ने कहा कि पुलिस और जांच एजेंसियां उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई कर रही हैं। उन्होंने दावा किया कि पूछताछ के दौरान कई अहम खुलासे हो सकते हैं। भाजपा ने यह भी सवाल उठाया कि गिरफ्तारी से पहले कांग्रेस रामगोपाल अग्रवाल को अपना कोषाध्यक्ष बता रही थी, लेकिन गिरफ्तारी के बाद पार्टी के कुछ नेता उनसे दूरी बनाते नजर आ रहे हैं। फिलहाल जांच जारी है और आने वाले दिनों में मामले में नए खुलासों की संभावना जताई जा रही है।