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Dwidwadash Yoga: मई से जुलाई तक बदल सकती है आपकी लाइफ! ज्योतिषाचार्य से जानिए गुरु-शुक्र योग का पूरा असर

Dwidwadash Yoga : 14 मई से 4 जुलाई 2026 तक बनने वाला गुरु-शुक्र द्विगुरू योग प्यार, शादी, धन और करियर में बड़े बदलाव ला सकता है। जानिए किन राशियों को मिलेगा सबसे ज्यादा फायदा और क्या सावधानी बरतनी चाहिए।

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भारत

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Manoj Vashisth

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ज्योतिषाचार्य प्रमोद शर्मा

May 10, 2026

Dwidwadash Yoga

Dwidwadash Yoga : गुरु और शुक्र साथ आए तो खुलेंगे तरक्की के रास्ते, जानिए क्या होगा असर (फोटो सोर्स: AI@Gemini)

Dwidwadash Yoga : क्या आप जानते हैं कि आने वाले कुछ दिन आपकी जिंदगी में खुशियों की सौगात लेकर आ रहे हैं? ज्योतिष शास्त्र के दो सबसे शुभ ग्रह बृहस्पति (देवगुरू) और शुक्र (दानवगुरू) एक साथ आ रहे हैं। इस अद्भुत मेल को द्विगुरू योग (द्विद्वादश योग) कहा जाता है। ज्योतिषाचार्य प्रमोद शर्मा के अनुसार 14 मई से 4 जुलाई तक चलने वाला यह 47 दिनों का सफर, प्रेम से लेकर पैसे तक, आपकी लाइफ में बड़े बदलाव करने वाला है।

इस बार ये योग सिर्फ कुछ दिनों का नहीं है। पूरे 47 दिनों तक इसका असर रहेगा, इसलिए इसे साल 2026 की सबसे खास ज्योतिषीय घटना मान रहे हैं।

गुरु-शुक्र योग आखिर है क्या? (Dwidwadash Yoga)

सीधे कहें तो जब बृहस्पति और शुक्र एक ही राशि में आ जाते हैं, तब यह योग (द्विद्वादश योग) बनता है। 2026 में यह दो हिस्सों में बनेगा

  • 14 मई से 31 मई तक दोनों ग्रह मिथुन राशि में होंगे।
  • फिर 2 जून को गुरु कर्क राशि में जाएगा, जहां उसकी स्थिति सबसे मजबूत मानी जाती है।
  • इसके बाद, 7 जून से 4 जुलाई तक शुक्र भी कर्क में पहुंच जाएगा यानी फिर दोनों साथ।

इसे इतना खास क्यों मानते हैं?

ज्योतिष के मुताबिक गुरु, ज्ञान, भाग्य, संतान, धन और पॉजिटिव ऊर्जा का ग्रह है। शुक्र प्यार, शादी, लग्जरी, ऐश्वर्य और आकर्षण से जुड़ा है।

ये दोनों साथ आते हैं तो नए रिश्ते बनने, आर्थिक तरक्की और खुशियां मिलने के मौके बढ़ते हैं। इस बार गुरु कर्क राशि में उच्च का है उसका प्रभाव और भी ताकतवर हो जाएगा।

पहला तोहफा: रिश्तों में आएगी नई जान (Romance and Stability)

इस योग का सबसे बड़ा असर प्रेम और वैवाहिक जीवन पर दिख सकता है।

  • महिलाओं की कुंडली में गुरु पति का कारक होता है।
  • पुरुषों के लिए शुक्र जीवनसाथी का प्रतिनधित्व करता है।

इन दोनों का मिलना रिश्तों में गहराई, नई शुरुआत और भावनात्मक जुड़ाव की संभावना लेकर आता है।

मिथुन राशि

14 से 31 मई तक का समय रोमांच और आकर्षण चढ़ा रहेगा। अचानक किसी के प्रति आकर्षण बढ़ सकता है, नए रिश्ते शुरू हो सकते हैं या पुराने में उत्साह लौट सकता है।

ज्योतिषाचार्य प्रमोद शर्मा की सलाह है बेमतलब, जल्दी में कोई बड़ा फैसला नहीं लेना चाहिए। भावनात्मक भ्रम और दिखावे का खतरा रहता है।

कर्क राशि :

7 जून से 4 जुलाई का समय ज्यादा टिकाऊ और मजबूत माना जा रहा है। यहां शुरू हुए रिश्ते लंबा चलने का दम रखते हैं। शादी, सगाई या किसी रिश्ते को नया नाम देने के लिए शुभ है।

राशियों पर प्रभाव

राशिप्रभाव और उपाय
मेषरोमांस बढ़ेगा! घर की सजावट पर खर्च होगा। उपाय: यात्रा के दौरान चांदी धारण करें।
वृषभदोस्तों के साथ पार्टी और डेटिंग का समय। उपाय: रोजाना अपने गुरू का आशीर्वाद लें।
मिथुनअचानक धन लाभ के योग। स्टेटस बढ़ेगा। उपाय: ऑफिस से काम करें, वर्क फ्रॉम होम टालें।
कर्कआपकी ही राशि में गुरु उच्च के होंगे! पुरानी यादें ताजा होंगी। उपाय: ईगो से बचें।

दूसरा तोहफा: पैसा, व्यापार और तरक्की (Money and Growth)

गुरु धन और विकास का प्रतीक है, शुक्र विलासिता और सुख-सुविधा का। दोनों का संयोग आर्थिक मामलों में भी बड़ा बदलाव ला सकता है।

  • निवेश के नए मौके मिलेंगे।
  • बिजनेस विस्तार की संभावना बढ़ेगी।
  • कला, फिल्म, फैशन, मीडिया और ग्लैमर इंडस्ट्री वालों को अच्छा फायदा हो सकता है।
  • सोना-चांदी और लग्जरी मार्केट में हलचल दिखेगी।

लेकिन मई के आखिर में रिस्की निवेश से दूर रहना ही ठीक रहेगा। मिथुन राशि वाले फेज में लोग जल्दी अमीर बनने के चक्कर में उलझ सकते हैं।

जून में सबसे खास दिन कौन से?

ज्योतिष के हिसाब से 8 से 10 जून के बीच बड़े आर्थिक या रिश्तों के फैसले लेने से बचना चाहिए। उसके बाद समय ज्यादा संतुलित और पॉजिटिव रहेगा।

किसको सबसे ज्यादा फायदा?

ज्योतिषियों का कहना है कर्क, मीन, वृषभ, तुला और धनु राशि वालों के लिए तो ये समय खास ही शुभ है। मगर हर व्यक्ति की कुंडली अलग होती है, तो असर भी अलग-अलग होगा।

इन 47 दिनों में क्या करना चाहिए?

  • रिश्तों में जल्दबाजी करने से बचना चाहिए।
  • सोच-समझकर निवेश करना चाहिए।
  • नई शुरुआत के लिए जून का मध्य अच्छा है।
  • आध्यात्म, दान और पॉजिटिव सोच पर ध्यान दो।
  • परिवार और पार्टनर के साथ वक्त बिताओ।

ये 47 दिन सिर्फ ज्योतिषीय घटना नहीं है, कई लोगों के लिए नई उम्मीद और बदलाव की वजह बन सकते हैं। सही फैसले और सही वक्त पर ध्यान रखा, तो ये योग आपकी जिंदगी में बड़ा सकारात्मक बदलाव ला सकता है।